
देहरादून: राशन कार्ड उपभोक्ताओं के लिए महत्वपूर्ण सूचना सामने आई है। यदि 15 जनवरी तक राशन कार्ड की ई-केवाईसी नहीं कराई गई, तो कार्ड स्वतः निरस्त हो जाएगा और इसके साथ ही आयुष्मान भारत योजना का लाभ भी समाप्त हो जाएगा। सरकार ने अपात्र लाभार्थियों पर रोक लगाने के उद्देश्य से यह कदम उठाया है। आयुष्मान योजना की वेबसाइट पर केवल ई-केवाईसी वाले राशन कार्ड को ही वैध माना जा रहा है, ऐसे में समयसीमा का पालन न करने पर हजारों परिवारों पर स्वास्थ्य और खाद्य सुरक्षा दोनों योजनाओं से बाहर होने का खतरा है।
पृष्ठभूमि / संदर्भ
सरकारी योजनाओं का लाभ केवल पात्र लोगों तक पहुंचे, इसके लिए केंद्र और राज्य स्तर पर सत्यापन प्रक्रिया को सख्त किया जा रहा है। इसी क्रम में राशन कार्ड की ई-केवाईसी अनिवार्य की गई है। जिन उपभोक्ताओं ने अब तक यह प्रक्रिया पूरी नहीं की है, उन्हें योजना की पात्रता से बाहर किया जा रहा है।
आधिकारिक जानकारी
जिला आपूर्ति अधिकारी केके अग्रवाल ने बताया कि 15 जनवरी अंतिम तिथि है। इसके बाद जिन राशन कार्डों की ई-केवाईसी नहीं होगी, वे स्वतः निरस्त होने लगेंगे। ऐसे उपभोक्ताओं को न केवल राशन योजना, बल्कि आयुष्मान भारत योजना से भी बाहर होना पड़ेगा, क्योंकि आयुष्मान योजना के लिए राशन कार्ड एक प्रमुख दस्तावेज है।
स्थानीय प्रतिक्रिया
स्थानीय उपभोक्ताओं का कहना है कि कई लोगों को अभी भी ई-केवाईसी प्रक्रिया की पूरी जानकारी नहीं है। कुछ लोगों ने अपील की है कि अंतिम दिनों में केंद्रों पर भीड़ बढ़ सकती है, इसलिए समय रहते यह प्रक्रिया पूरी कर लेना बेहतर होगा।
आंकड़े / जानकारी
देहरादून जिले में राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना, अंत्योदय और राज्य खाद्य योजना के कुल लगभग 3.75 लाख राशन कार्ड हैं। इनसे जुड़ी यूनिट्स की संख्या करीब 15 लाख है। प्रशासन के अनुसार अब तक 80 प्रतिशत कार्ड धारक ई-केवाईसी करा चुके हैं, जबकि 20 प्रतिशत उपभोक्ताओं की प्रक्रिया अभी शेष है।
आगे क्या होगा
15 जनवरी के बाद ई-केवाईसी न कराने वाले राशन कार्ड स्वतः निरस्त होने लगेंगे। इसके साथ ही संबंधित उपभोक्ता आयुष्मान भारत योजना की पात्रता से भी बाहर हो जाएंगे। प्रशासन की ओर से लगातार अपील की जा रही है कि अंतिम तिथि से पहले सभी उपभोक्ता ई-केवाईसी प्रक्रिया अनिवार्य रूप से पूरी कर लें।





