
उत्तरकाशी जिले के हर्षिल क्षेत्र में शनिवार को सेब के बगीचे में काम कर रहे एक नेपाली मूल के मजदूर पर भालू ने अचानक हमला कर गंभीर रूप से घायल कर दिया। स्थानीय लोगों ने उसे तत्काल प्राथमिक उपचार के लिए स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया, जहां से उसकी गंभीर हालत को देखते हुए जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। क्षेत्र में लगातार हो रहे भालू हमलों से ग्रामीणों में दहशत का माहौल है।
पृष्ठभूमि / संदर्भ
उत्तरकाशी जिले के भटवाड़ी, चिन्यालीसौड़ और मोरी क्षेत्रों में मानव-वन्यजीव संघर्ष तेजी से बढ़ रहा है। पिछले एक दशक में पहली बार भालुओं की इतनी आक्रामक गतिविधि देखी जा रही है। ग्रामीणों का कहना है कि भालू लगातार खेतों व बागानों के आसपास दिखाई दे रहे हैं, जिससे लोग जंगल या चारापत्ती के लिए बाहर जाने से डरते हैं।
अधिकारिक जानकारी
शनिवार को हर्षिल में सेब के बगीचे में काम कर रहे हरि बहादुर पर घात लगाकर बैठे भालू ने अचानक हमला कर दिया। हमले में उसके चेहरे और शरीर पर गहरे घाव आए हैं। गंगोत्री रेंज के वन कर्मियों ने मौके पर पहुंचकर प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराया और बाद में उसे जिला चिकित्सालय उत्तरकाशी रेफर कर दिया गया।
वन क्षेत्राधिकारी यशवंत चौहान ने पुष्टि की कि “हर्षिल में सेब के बगीचे में काम कर रहे हरि बहादुर पर भालू ने हमला किया है। घायल का जिला अस्पताल में उपचार चल रहा है।”
स्थानीय प्रतिक्रिया
स्थानीय लोगों का कहना है कि भालुओं की बढ़ती गतिविधि ने ग्रामीण जीवन को प्रभावित कर दिया है। कई गांवों में लोग खेतों व जंगलों में अकेले जाने से बच रहे हैं। ग्रामीणों के अनुसार, रात्रि में भालुओं की आवाजाही अधिक बढ़ गई है, जिससे परिवारों में डर का वातावरण बना हुआ है।
डेटा / संख्याएं
— 26 अक्टूबर से अब तक भालू हमले की 9 घटनाएं
— भटवाड़ी क्षेत्र में 8 घायल, मोरी में 1 घायल
— 2 महिलाओं की मौत
— वर्तमान में 7 घायल व्यक्ति जिला अस्पताल व हायर सेंटर में उपचाराधीन
— हर्षिल में घायल व्यक्ति: हरि बहादुर, गंभीर चोटें
अगला कदम क्या?
वन विभाग ने प्रभावित क्षेत्रों में गश्त बढ़ा दी है और लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। विभाग जल्द ही संवेदनशील इलाकों में जागरूकता अभियान चलाने और रात्रि निगरानी बढ़ाने की योजना बना रहा है। इसके अलावा वन्यजीवों की गतिविधियों को ट्रैक करने के लिए कैमरा ट्रैप भी बढ़ाए जा सकते हैं।







