
देहरादून: देहरादून जिले के सेलाकुई थाना क्षेत्र में छात्रों के दो गुटों के बीच एक बार फिर हिंसक झड़प सामने आई है। 16 जनवरी की शाम दून बिजनेस स्कूल के पास स्थित एक कैफे में हुए इस हमले का सीसीटीवी वीडियो भी सामने आया है। वीडियो में चार से पांच युवकों को एक छात्र को कैफे से बाहर खींचकर सड़क पर बेरहमी से पीटते हुए देखा जा सकता है। पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए त्वरित कार्रवाई की और घटना में शामिल पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। उल्लेखनीय है कि इसी क्षेत्र में कुछ दिन पहले छात्र गुटों की मारपीट में त्रिपुरा के छात्र एंजेल चमका की मौत हो चुकी है, इसके बावजूद ऐसी घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं।
पृष्ठभूमि / संदर्भ
सेलाकुई क्षेत्र में निजी शिक्षण संस्थानों की संख्या अधिक है, जहां बाहर से आने वाले छात्र बड़ी तादाद में रहते हैं। हाल के दिनों में छात्र गुटों के बीच विवाद और हिंसा की घटनाएं बढ़ी हैं। पहले हुए जानलेवा मामले के बाद भी अनुशासनहीनता की यह घटना सामने आना कानून-व्यवस्था के लिए चिंता का विषय माना जा रहा है।
आधिकारिक जानकारी
पीड़ित नीरज अधिकारी, निवासी काशीपुर (उधम सिंह नगर) व वर्तमान निवासी निगम रोड सेलाकुई, ने थाने में दी गई तहरीर में बताया कि मामूली बात पर कबीर, आयुष, अर्चित राय और उनके साथियों ने लाठी-डंडों से उस पर हमला किया। तहरीर के आधार पर थाना सेलाकुई में मुकदमा दर्ज किया गया।
थाना प्रभारी सेलाकुई थाना के अनुसार पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार किया है।
घटना का विवरण
सीसीटीवी फुटेज के मुताबिक एक युवक कैफे के भीतर बैठा था, तभी चार-पांच युवक बाहर से आए। उनमें से दो युवक अंदर गए और बैठे युवक को मारते हुए बाहर ले आए। इसके बाद सड़क पर उसे घेरकर पीटा गया और एक युवक ने डंडे से भी वार किया। गनीमत रही कि पीड़ित को गंभीर चोट नहीं आई।
आरोपियों की स्थिति
पुलिस की गिरफ्त में आए सभी आरोपी एक निजी शिक्षण संस्थान के छात्र हैं। इनमें आयुष (20) निवासी बनारस, अर्चित राय (20) निवासी सारनाथ वाराणसी, तुभ्यम जैन (20) निवासी इंदौर, वात्सल्य झा (21) निवासी गुरुग्राम हरियाणा और कबीर राज सिंह (18) निवासी बंजारा गली सेलाकुई शामिल हैं। पुलिस ने इनके संस्थान से भी आवश्यक कार्रवाई के लिए पत्राचार किया है।
स्थानीय प्रतिक्रिया
स्थानीय लोगों का कहना है कि पहले हुई दुखद घटना के बाद भी छात्र गुटों की हिंसा का दोहराया जाना गंभीर चिंता का विषय है। उन्होंने क्षेत्र में नियमित गश्त और शिक्षण संस्थानों की सख्त निगरानी की मांग की है।
आगे क्या होगा
पुलिस के अनुसार आरोपियों को न्यायालय में पेश किया जाएगा और मामले की जांच आगे बढ़ाई जा रही है। प्रशासन ने शिक्षण संस्थानों से भी छात्रों में अनुशासन बनाए रखने और किसी भी तरह की हिंसा पर तत्काल सूचना देने को कहा है।







