
रुद्रप्रयाग: केदारनाथ धाम में एक बार फिर मौसम ने करवट ले ली है। दोपहर बाद धाम में तेज बर्फबारी शुरू हो गई, जिससे पूरे क्षेत्र में कड़ाके की ठंड बढ़ गई है। लगातार हो रही बर्फबारी के कारण न केवल जनजीवन प्रभावित हो रहा है, बल्कि धाम में चल रहे पुनर्निर्माण और अन्य आवश्यक कार्य भी ठप पड़ने लगे हैं। नए साल की शुरुआत से ही केदारनाथ धाम में बर्फ गिरने का सिलसिला जारी है, जिसके चलते तापमान माइनस में पहुंच गया है और हालात लगातार चुनौतीपूर्ण होते जा रहे हैं।
पृष्ठभूमि / संदर्भ
केदारनाथ धाम में हर साल शीतकाल के दौरान बर्फबारी सामान्य मानी जाती है, लेकिन इस बार जनवरी माह में लगातार तीसरी बार भारी बर्फबारी हुई है। इससे पहले भी धाम में बर्फ गिरने के कारण कार्यों को अस्थायी रूप से रोकना पड़ा था। लगातार बर्फबारी से निचले इलाकों में भी ठंड का असर बढ़ गया है।
आधिकारिक जानकारी
धाम में पुनर्निर्माण कार्यों की देखरेख कर रहे रिटायर्ड कैप्टन सोबन सिंह ने बताया कि दोपहर करीब तीन बजे के बाद बर्फबारी अचानक तेज हो गई, जिसके चलते सभी कार्य रोकने पड़े। उनका कहना है कि बर्फ जमने के बाद काम करना संभव नहीं रह जाता और सुरक्षा को देखते हुए कार्य बंद करना पड़ता है।
स्थानीय प्रतिक्रिया
धाम में तैनात कर्मचारियों और श्रमिकों का कहना है कि लगातार बर्फबारी और अत्यधिक ठंड के कारण रहना और काम करना मुश्किल हो गया है। मजदूरों के अनुसार, ठंड और फिसलन से दुर्घटनाओं का खतरा भी बढ़ गया है।
प्रशासन का पक्ष
जिलाधिकारी प्रतीक जैन ने बताया कि नए साल से केदारनाथ धाम में बारिश और बर्फबारी का दौर जारी है। इसके चलते ठंड का प्रकोप काफी बढ़ गया है और पुनर्निर्माण कार्य करना कठिन हो गया है। उन्होंने कहा कि हालात को देखते हुए मजदूर धीरे-धीरे सोनप्रयाग की ओर लौटने लगे हैं और प्रशासन लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है।
आंकड़े / डेटा
लगातार बर्फबारी के कारण केदारनाथ धाम में तापमान शून्य से नीचे चला गया है। जनवरी माह में यह तीसरी बार है जब धाम में जमकर बर्फबारी दर्ज की गई है, जिससे कामकाज पूरी तरह प्रभावित हुआ है।
आगे क्या होगा
मौसम विभाग के अनुसार आने वाले घंटों में भी मौसम अस्थिर रह सकता है। भारत मौसम विज्ञान विभाग ने बताया है कि प्रदेश के उत्तरकाशी, चमोली और पिथौरागढ़ जिलों में कहीं-कहीं बारिश की संभावना बनी हुई है। ऐसे में प्रशासन ने सतर्कता बरतने और अनावश्यक आवाजाही से बचने की सलाह दी है।







