
गुमानीवाला: गुमानीवाला क्षेत्र में हरिद्वार बाईपास रोड पर जलभराव और गड्ढों की समस्या स्थानीय लोगों के लिए रोजमर्रा की बड़ी परेशानी बन गई है। दूषित पानी की निकासी की कोई समुचित व्यवस्था न होने के कारण सड़क पर लगातार कीचड़ जमा रहता है, जिससे पैदल चलने वालों और वाहन चालकों दोनों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि कई बार शिकायत करने के बावजूद जिम्मेदार विभागों ने अब तक कोई ठोस समाधान नहीं किया है।
पृष्ठभूमि / संदर्भ
हरिद्वार बाईपास रोड गुमानीवाला क्षेत्र की एक महत्वपूर्ण सड़क है, जिससे रोजाना बड़ी संख्या में लोग माया मार्केट और आसपास के इलाकों में आवाजाही करते हैं। बारिश और दूषित पानी की निकासी न होने के कारण लंबे समय से यहां जलभराव की स्थिति बनी हुई है, जो अब गंभीर रूप ले चुकी है।
स्थानीय लोगों की परेशानी
स्थानीय निवासी राजेंद्र नेगी, बिशन सिंह, दीपक गुप्ता, राधा देवी और ममता बिजल्वाण का कहना है कि बाईपास मार्ग पर हर समय कीचड़ जमा रहता है। माया मार्केट में खरीदारी के लिए जाने वाले लोगों को सड़क पार करना मुश्किल हो गया है। पैदल चलने के दौरान फिसलने का खतरा बना रहता है और कई बार वाहनों के टायरों से दूषित पानी उछलकर कपड़ों पर गिर जाता है।
वाहन चालकों के लिए जोखिम
जलभराव के चलते सड़क पर जगह-जगह गड्ढे हो गए हैं। इससे दोपहिया और चारपहिया वाहन चालकों को जोखिम भरे हालात में सफर करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि रात के समय गड्ढे नजर नहीं आते, जिससे दुर्घटना की आशंका और बढ़ जाती है।
अधूरी मरम्मत पर सवाल
स्थानीय लोगों के अनुसार, डामर उखड़ने के बाद लोक निर्माण विभाग ने सड़क पर इंटरलॉकिंग टाइल्स तो बिछा दीं, लेकिन दूषित पानी की निकासी के लिए कोई नाला या अन्य व्यवस्था नहीं की गई। इसी वजह से समस्या जस की तस बनी हुई है।
आधिकारिक जानकारी
लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता ने बताया कि दूषित पानी के जमाव की शिकायत विभाग को मिली है। उन्होंने कहा कि जल्द ही पानी की निकासी के लिए आवश्यक इंतजाम किए जाएंगे। सड़क की मरम्मत प्रस्तावित है और बजट मिलते ही मार्ग का नवीनीकरण किया जाएगा।
स्थानीय प्रतिक्रिया
स्थानीय लोगों का कहना है कि जब तक स्थायी समाधान नहीं होता, तब तक यह समस्या बनी रहेगी। उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि अस्थायी मरम्मत के बजाय निकासी की पुख्ता व्यवस्था के साथ सड़क का नवीनीकरण किया जाए।
आगे क्या होगा
लोक निर्माण विभाग के अनुसार, निकासी की व्यवस्था और सड़क मरम्मत को लेकर प्रक्रिया शुरू की जाएगी। हालांकि, स्थानीय लोग अब ठोस कार्रवाई और समयबद्ध समाधान की उम्मीद कर रहे हैं।







