
हरिद्वार: संसद में केंद्रीय बजट पेश होने के बाद भाजपा सांसद अपने-अपने क्षेत्रों में बजट की प्रमुख बातों को रख रहे हैं। इसी क्रम में हरिद्वार सांसद त्रिवेंद्र सिंह रावत प्रेस क्लब पहुंचे और बजट के प्रावधानों की जानकारी दी। इस दौरान उन्होंने बजट को विकसित भारत संकल्प 2047 के अनुरूप बताते हुए देश की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने वाला करार दिया। साथ ही, उन्होंने संसद में विपक्ष के रवैये और कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर भी तीखी टिप्पणी की।
पृष्ठभूमि और संदर्भ
केंद्रीय बजट के बाद देशभर में राजनीतिक प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। भाजपा सांसद जहां बजट को विकासोन्मुखी बता रहे हैं, वहीं विपक्ष की ओर से इसे लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं। इसी राजनीतिक माहौल में हरिद्वार में आयोजित प्रेस वार्ता में सांसद ने बजट के राष्ट्रीय और राज्य स्तरीय प्रावधानों पर अपनी बात रखी।
प्रशासनिक प्रतिक्रिया
राहुल गांधी को संसद में बोलने नहीं देने के सवाल पर त्रिवेंद्र सिंह रावत ने कहा कि संसद नियमों से चलती है, जिद से नहीं। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी बच्चों की तरह जिद करते हैं और विपक्ष को संसद में मर्यादित विरोध करना चाहिए। राष्ट्रपति के अभिभाषण पर प्रधानमंत्री के भाषण न देने के मुद्दे पर भी उन्होंने विपक्ष के व्यवहार को अनुचित बताया।
मनरेगा को लेकर उन्होंने स्पष्ट किया कि योजना खत्म नहीं की गई है, बल्कि केवल प्रावधानों में बदलाव किया गया है। उन्होंने बताया कि अब ग्रामीणों को 125 दिन का रोजगार मिलेगा और 33 प्रतिशत महिलाओं को काम देना अनिवार्य किया गया है। यूजीसी कानून के सवाल पर उन्होंने कहा कि मामला न्यायालय में विचाराधीन है, इसलिए इस पर टिप्पणी उचित नहीं होगी।
स्थानीय प्रतिक्रिया
प्रेस वार्ता के दौरान मौजूद लोगों का कहना था कि बजट को लेकर अलग-अलग राजनीतिक दलों के मत सामने आ रहे हैं। स्थानीय स्तर पर लोगों की नजर इस बात पर है कि बजट के प्रावधानों का उत्तराखंड और हरिद्वार क्षेत्र को कितना प्रत्यक्ष लाभ मिलेगा।
आंकड़े और तथ्य
सांसद त्रिवेंद्र सिंह रावत ने कहा कि इस बजट में उत्तराखंड के लिए कई अहम प्रावधान किए गए हैं। केंद्रीय करों में राज्य की हिस्सेदारी 41 प्रतिशत रखी गई है। रेल बजट में उत्तराखंड के लिए 4800 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। इसके साथ ही सांस्कृतिक और एडवेंचर टूरिज्म को बढ़ावा देने के लिए कदम उठाए गए हैं, जिसके तहत 10 हजार ग्रामीण टूरिस्ट गाइड तैयार किए जाएंगे। क्लाइमेट चेंज से निपटने के लिए भी विशेष प्रावधान शामिल किए गए हैं।
आगे क्या होगा
आने वाले दिनों में बजट को लेकर और राजनीतिक बयानबाजी तेज होने की संभावना है। स्थानीय स्तर पर यह देखा जाएगा कि घोषित प्रावधानों का क्रियान्वयन कैसे होता है और इसका प्रभाव राज्य व जिले के विकास पर किस रूप में दिखता है।
Rishikesh News आगे भी इस मामले की अपडेट देता रहेगा।
यदि आपके क्षेत्र में कोई घटना, समस्या या जानकारी हो तो हमें ईमेल या फोटो/वीडियो भेजें —
📩 rishikeshnews.com@gmail.com







