
देहरादून: उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग ने प्रमाणपत्रों की जांच के दौरान अनुपस्थित रहे 204 अभ्यर्थियों को भर्ती प्रक्रिया से बाहर कर दिया है। ये सभी अभ्यर्थी लिखित परीक्षा और टाइपिंग टेस्ट पास कर चुके थे, लेकिन निर्धारित तिथियों पर अभिलेख सत्यापन में उपस्थित नहीं हो सके। आयोग के अनुसार, सत्यापन प्रक्रिया में गैरहाजिरी को गंभीर मानते हुए यह कार्रवाई की गई है।
पृष्ठभूमि और संदर्भ
आयोग द्वारा विभिन्न विभागों में समूह-ग के अंतर्गत डाटा एंट्री ऑपरेटर, कनिष्ठ सहायक, कंप्यूटर सहायक, स्वागती, मेट, कार्यपर्यवेक्षक और आवास निरीक्षक पदों पर भर्ती के लिए 19 जनवरी को लिखित परीक्षा आयोजित की गई थी। इसके बाद 28 मार्च को टाइपिंग टेस्ट के लिए मेरिट सूची जारी हुई और 18 अगस्त से 5 सितंबर के बीच टाइपिंग टेस्ट संपन्न कराया गया।
प्रशासनिक प्रतिक्रिया
आयोग के सचिव डॉ. शिव कुमार बरनवाल ने बताया कि आयोग ने 27 नवंबर को अभिलेख सत्यापन के लिए सूची जारी की थी, जिसमें 1141 अभ्यर्थियों को बुलाया गया। अभिलेख सत्यापन 1 दिसंबर 2025 से 1 जनवरी 2026 के बीच कराया गया। अपरिहार्य कारणों से अनुपस्थित रहने वालों को 1 जनवरी को एक अतिरिक्त अवसर भी दिया गया था।
आंकड़े और तथ्य
अभिलेख सत्यापन के लिए बुलाए गए 1141 अभ्यर्थियों में से 937 उपस्थित हुए, जबकि 204 अभ्यर्थी अनुपस्थित रहे। आयोग ने स्पष्ट किया कि अनुपस्थिति के आधार पर इन सभी 204 अभ्यर्थियों को भर्ती से बाहर कर दिया गया है।
आगे क्या होगा
आयोग के निर्णय के बाद संबंधित पदों पर भर्ती की आगे की प्रक्रिया शेष पात्र अभ्यर्थियों के साथ जारी रहेगी। आयोग ने अभ्यर्थियों से अपील की है कि भविष्य में भर्ती से जुड़ी सभी तिथियों और निर्देशों का कड़ाई से पालन करें, ताकि किसी भी तरह की असुविधा या अयोग्यता से बचा जा सके।







