
देहरादून: उत्तराखंड में इन दिनों मौसम पूरी तरह शुष्क बना हुआ है। पहाड़ से मैदान तक दिन में धूप खिली रहती है, लेकिन न्यूनतम तापमान में लगातार गिरावट के कारण सुबह और शाम सर्दी का असर तेज हो गया है। पहाड़ी इलाकों में पाला जमना शुरू हो गया है, जिससे रात के समय सड़कों पर फिसलन बढ़ने लगी है।
पृष्ठभूमि / संदर्भ
राज्य में बीते कुछ दिनों से मौसम स्थिर बना हुआ है। बारिश न होने से पहाड़ी क्षेत्रों में ठंडी हवाओं का असर और बढ़ गया है। अधिकतम तापमान जहां सामान्य से थोड़ा ऊपर बना है, वहीं न्यूनतम तापमान तेज़ी से नीचे गिर रहा है। इससे सुबह और देर शाम ठंड का असर बढ़ रहा है।
मैदानी और पहाड़ी क्षेत्रों का तापमान
देहरादून सहित मैदानी जिलों में दिन के समय धूप राहत देती है, लेकिन न्यूनतम तापमान लुढ़कने से रातें सर्द हो गई हैं। मौसम विभाग के अनुसार वर्तमान समय में अधिकतम और न्यूनतम तापमान के बीच लगभग तीन गुना तक का अंतर दर्ज किया जा रहा है।
पर्वतीय क्षेत्रों—विशेषकर नई टिहरी और मुक्तेश्वर—में न्यूनतम तापमान पांच डिग्री सेल्सियस से नीचे जा रहा है। पाला पड़ने से कई ग्रामीण सड़कों पर रात में फिसलन बढ़ने लगी है। वहीं हरिद्वार और ऊधमसिंह नगर जैसे मैदानी जिलों में हल्का कोहरा बनने की शुरुआत हो गई है।
शहरवार तापमान
| शहर | अधिकतम (°C) | न्यूनतम (°C) |
|---|---|---|
| देहरादून | 26.9 | 10.0 |
| ऊधमसिंह नगर | 28.2 | 8.8 |
| मुक्तेश्वर | 19.6 | 6.0 |
| नई टिहरी | 19.0 | 5.6 |
स्थानीय प्रतिक्रिया
स्थानीय लोगों ने बताया कि सुबह-सुबह पाला जमने से कई स्थानों पर सड़कें बेहद फिसलन भरी हो जाती हैं, जिससे आवागमन में जोखिम बढ़ जाता है। किसानों का कहना है कि पाला बढ़ने से सुबह खेतों में काम करना भी मुश्किल हो रहा है। मैदानी क्षेत्रों में लोग हल्के कोहरे और ठंडी हवाओं के चलते गर्म कपड़े निकालने लगे हैं।
मौसम विभाग का पूर्वानुमान
मौसम विभाग का अनुमान है कि आने वाले दो से तीन दिनों में तापमान और नीचे जा सकता है। पहाड़ी इलाकों में पाला बढ़ने और मैदानी हिस्सों में हल्के कोहरे के साथ ठंडक में बढ़ोतरी की संभावना जताई गई है। कई स्थानों में कड़ाके की ठंड पड़ सकती है।







