
देहरादून: राज्य सरकार ने राशन कार्ड धारकों को बड़ी राहत देते हुए स्पष्ट कर दिया है कि ई-केवाईसी अधूरी होने पर भी किसी परिवार का राशन नहीं रोका जाएगा। बायोमेट्रिक समस्याओं और अनुपस्थिति जैसी दिक्कतों को देखते हुए खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री रेखा आर्या के निर्देश पर सभी जिला पूर्ति अधिकारियों को आवश्यक आदेश जारी कर दिए गए हैं।
पृष्ठभूमि / संदर्भ
राज्य में राशन कार्डों की ई-केवाईसी प्रक्रिया 30 नवंबर 2025 तक जारी है। लेकिन बड़ी संख्या में लोगों को अंगूठा स्कैन, रेटिना स्कैन, बढ़ती उम्र, बीमारी या रोजगार के कारण केवाईसी पूरी करने में दिक्कत आ रही थी। इससे लाभार्थियों में आशंका बढ़ रही थी कि अंतिम तिथि के बाद उनका राशन बंद हो सकता है।
अधिकारिक जानकारी
खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री रेखा आर्या ने बताया कि जन मिलन कार्यक्रमों में लगातार यह शिकायतें मिल रही थीं कि कई पात्र परिवार बायोमेट्रिक समस्याओं के कारण ई-केवाईसी नहीं कर पा रहे। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि तकनीकी दिक्कतों को देखते हुए किसी भी लाभार्थी का राशन नहीं रोका जाना चाहिए। इसके बाद खाद्य आयुक्त ने सभी जिला पूर्ति अधिकारियों को आदेश जारी किए हैं कि ई-केवाईसी अधूरी रहने पर भी परिवारों को राशन निर्बाध रूप से वितरित किया जाए। इसके साथ ही केवाईसी पूरी करने के लिए अतिरिक्त समय भी दिया जाएगा। सरकार ने राशन विक्रेताओं के बकाया लाभांश का भुगतान भी तीन दिनों के भीतर करने के निर्देश जारी किए हैं।
स्थानीय प्रतिक्रिया
स्थानीय लोगों का कहना है कि ई-केवाईसी प्रक्रिया में तकनीकी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था और सरकार का यह निर्णय अत्यंत राहत देने वाला है। कई ग्रामीणों ने बताया कि वृद्ध, बीमार और बाहर काम करने वाले परिवार के सदस्य के कारण प्रक्रिया अधूरी रह जाती है। राशन विक्रेताओं ने भी कहा कि बकाया लाभांश का समय पर भुगतान होने से वितरण व्यवस्था और सुचारु होगी।
अब आगे क्या?
विभाग ने निर्देश दिया है कि ई-केवाईसी की प्रक्रिया जारी रहेगी और जिन परिवारों की केवाईसी अधूरी है, उन्हें अतिरिक्त समय दिया जाएगा। सरकार का कहना है कि किसी पात्र लाभार्थी को राशन से वंचित नहीं किया जाएगा। विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे समय मिलने पर अपनी ई-केवाईसी प्रक्रिया पूर्ण कर लें, ताकि रिकॉर्ड व्यवस्थित रहे।







