
ऋषिकेश: नववर्ष के जश्न के बीच ऋषिकेश और आसपास के इलाकों में पर्यटकों की भारी आमद से यातायात व्यवस्था पर जबरदस्त दबाव पड़ा। शहर के मुख्य और संपर्क मार्गों पर वाहनों की भीड़ बढ़ने से जाम की स्थिति बनी रही, जिससे स्थानीय लोगों के साथ-साथ पर्यटकों को भी आवागमन में कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। पुलिस ने ट्रैफिक को नियंत्रित करने के प्रयास किए, लेकिन संकरी सड़कों और अचानक बढ़े वाहन दबाव के कारण समस्या दिनभर बनी रही।
पृष्ठभूमि / संदर्भ
नववर्ष को यादगार बनाने के लिए गुरुवार सुबह से ही दिल्ली, एनसीआर, उत्तर प्रदेश, हरियाणा सहित अन्य राज्यों से बड़ी संख्या में पर्यटक ऋषिकेश पहुंचे। पर्यटन सीजन और छुट्टियों के कारण शहर में एक साथ वाहनों की संख्या बढ़ गई, जिससे ट्रैफिक प्रबंधन चुनौतीपूर्ण हो गया।
आधिकारिक जानकारी
पुलिस ने पर्यटक वाहनों को हरिद्वार बाइपास मार्ग पर डायवर्ट किया, लेकिन सुबह दस बजे के बाद बाइपास पर अचानक दबाव बढ़ने से इंद्रमणि बड़ोनी चौक पर स्लो ट्रैफिक और जाम के हालात शाम तक बने रहे। शहर के मुख्य मार्ग पर जयराम चौक से लेकर चंद्रभागा तक वाहन दिनभर रेंग-रेंगकर चलते नजर आए।
स्थानीय / मानवीय प्रतिक्रिया
स्थानीय लोगों का कहना है कि भीड़भाड़ के कारण पैदल आवागमन भी कठिन हो गया। दुकानदारों और राहगीरों ने बताया कि सड़क किनारे चलते समय भी सावधानी बरतनी पड़ी। पर्यटकों ने भी स्वीकार किया कि पार्किंग और जाम के कारण तय समय पर गंतव्य तक पहुंचना मुश्किल रहा।
पर्यटक रूट और दबाव
अधिकांश पर्यटकों ने मुनिकीरेती से होकर तपोवन और शिवपुरी का रुख किया। इसी मार्ग से स्वर्गाश्रम और यमकेश्वर स्थित रिवर साइट कैंपों की ओर भी आवाजाही बढ़ी, जिसके चलते मुनिकीरेती क्षेत्र में बदरीनाथ हाईवे पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं।
पुलिस का पक्ष
मुनिकीरेती थानाध्यक्ष प्रदीप चौहान ने बताया कि बदरीनाथ हाईवे मुनिकीरेती क्षेत्र में काफी संकरा है, इसलिए वाहनों का दबाव बढ़ते ही जाम की स्थिति बन जाती है। उन्होंने कहा कि इसके बावजूद पुलिस टीमें ट्रैफिक को सुचारु रखने के लिए लगातार प्रयास कर रही हैं।
आगे क्या होगा
पुलिस प्रशासन ने आने वाले दिनों में भीड़ प्रबंधन, डायवर्जन और पार्किंग व्यवस्था को और मजबूत करने के संकेत दिए हैं, ताकि पर्यटक सीजन के दौरान स्थानीय लोगों और यात्रियों को अनावश्यक परेशानी न हो।






