
नैनीताल में उत्तराखण्ड पुलिस ने तल्लीताल स्थित एक मस्जिद के मौलाना मोहम्मद नईम को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया है। उन पर दिल्ली में हुए बम धमाके से संभावित तार जुड़े होने का संदेह जताया जा रहा है। NIA के इनपुट के बाद कार्रवाई की जा रही है।
पृष्ठभूमि / संदर्भ
दिल्ली में हुए हालिया बम धमाके की जांच राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) देशभर में कई स्थानों पर कर रही है। उत्तराखंड में भी इस पूछताछ का दायरा लगातार बढ़ रहा है। हल्द्वानी में सुबह हुई कार्रवाई के बाद अब नैनीताल में भी जांच एजेंसी सक्रिय दिखी।
अधिकारिक जानकारी
सूत्रों के अनुसार, नैनीताल के तल्लीताल क्षेत्र स्थित मस्जिद से मौलाना मोहम्मद नईम को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया है।
उनसे दिल्ली ब्लास्ट से जुड़े कुछ संभावित संबंधों को लेकर विस्तृत जानकारी ली जा रही है।
हल्द्वानी में सुबह NIA और उत्तराखंड पुलिस ने मस्जिद से जुड़े दो व्यक्तियों को हिरासत में लिया था। उसी कड़ी में एजेंसी अब नैनीताल तक पहुंची है।
जांच से जुड़े अधिकारियों का कहना है कि—
- केस में मिले कुछ डिजिटल और नेटवर्क इनपुट उत्तराखंड की ओर संकेत कर रहे थे।
- इसी आधार पर पूछताछ का दायरा बढ़ाया गया है।
स्थानीय प्रतिक्रिया
नैनीताल में मौलाना की हिरासत की खबर फैलते ही क्षेत्र में चर्चा का माहौल बन गया।
एक स्थानीय निवासी ने कहा— “हम आशा करते हैं कि जांच एजेंसी निष्पक्ष और सच्चाई पर आधारित कार्रवाई करेगी। इलाके में शांति बनी रहनी चाहिए।”
कई लोगों ने सुरक्षा एजेंसियों की कार्रवाई को जरूरी बताते हुए कहा कि जांच पूरी तरह सामने आने तक किसी भी नतीजे पर नहीं पहुँचना चाहिए।
अधिकारियों की क्वोट / स्थिति
जांच अधिकारियों के अनुसार— “पूछताछ रूटीन जांच का हिस्सा है। यदि कोई ठोस सबूत मिला तो आगे कार्रवाई होगी, अन्यथा स्थिति स्पष्ट कर दी जाएगी।”
सूत्रों का कहना है कि आने वाले दिनों में राज्य के अन्य जिलों में भी NIA की टीमें इनपुट के आधार पर पूछताछ कर सकती हैं।
आगे क्या होगा
NIA अभी डिजिटल फुटप्रिंट, कॉल रिकॉर्ड, और संपर्क सूत्रों की जांच कर रही है। हल्द्वानी और नैनीताल में आज की गई कार्रवाई के बाद संभावना है कि—
- कुछ और लोगों से पूछताछ हो
- संभावित नेटवर्क की गहराई से जांच
- दिल्ली धमाके के तार जोड़ने के लिए तकनीकी विश्लेषण किया जाए
फिलहाल केस से जुड़ी आधिकारिक जानकारी गोपनीय रखी गई है।





