
देहरादून: भारतीय सैन्य अकादमी (आइएमए) की पासिंग आउट परेड 13 दिसंबर को आयोजित की जाएगी, जिसमें सेना प्रमुख उपेंद्र द्विवेदी मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होकर परेड का निरीक्षण करेंगे। यह परेड कैडेटों के कठोर सैन्य प्रशिक्षण के समापन और देश-विदेश के युवाओं के अधिकारी बनने की दिशा में अंतिम कदम का प्रतीक है।
पृष्ठभूमि / संदर्भ
भारतीय सैन्य अकादमी देश की प्रमुख सैन्य प्रशिक्षण संस्थाओं में से एक है, जिसकी स्थापना एक अक्टूबर 1932 को हुई थी। पहले बैच में केवल 40 कैडेट पास आउट हुए थे, लेकिन नौ दशकों में अकादमी ने अपनी प्रशिक्षण क्षमता को बढ़ाकर 1660 कैडेट तक कर दिया है। आज आइएमए न केवल भारत के सैन्य नेतृत्व को तैयार कर रहा है, बल्कि मित्र देशों के युवा सैन्य अधिकारियों को भी प्रशिक्षित कर रहा है।
अधिकारीक जानकारी
अकादमी के रिकॉर्ड के अनुसार अब तक लगभग 66 हजार कैडेट यहाँ से प्रशिक्षण प्राप्त कर चुके हैं, जिनमें तीन हजार से अधिक कैडेट मित्र देशों के हैं। आइएमए के कैडेटों ने अपने-अपने क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर भारतीय सेना और देश का गौरव बढ़ाया है।
पासिंग आउट परेड से पहले 11 दिसंबर को कमांडेंट परेड आयोजित की जाएगी, जिसमें प्रशिक्षित कैडेट अपनी तैयारियों का प्रदर्शन करेंगे। इसके बाद 13 दिसंबर को आयोजित होने वाली मुख्य परेड में कैडेट अंतिम पग भरकर देश सेवा का संकल्प दोहराएंगे।
स्थानीय प्रतिक्रिया
देहरादून के नागरिकों के लिए आइएमए परेड हमेशा गौरव और उत्साह का अवसर रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि परेड न केवल सैन्य अनुशासन का अद्वितीय प्रदर्शन है, बल्कि यह शहर की पहचान और सम्मान का भी महत्वपूर्ण हिस्सा है। कई लोग हर वर्ष इस परेड को देखने के लिए विशेष उत्सुकता रखते हैं।
नवप्रवेशित कैडेट
आइएमए में आयोजित भव्य ग्रेजुएशन सेरेमनी के दौरान आर्मी कैडेट कॉलेज (एसीसी) विंग के 71 कैडेटों को औपचारिक रूप से अकादमी की मुख्यधारा में शामिल किया गया। इनके शामिल होने के बाद यह बैच पूर्ण रूप से प्रशिक्षण चरण में आगे बढ़ गया है, जो आने वाले वर्षों में सेना का नेतृत्व संभालने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
आगे की स्थिति
अगले कुछ दिनों में परेड को लेकर अकादमी में अंतिम तैयारियाँ तेज हो जाएँगी। सेना प्रमुख के आगमन और पासिंग आउट परेड के कार्यक्रम को देखते हुए सुरक्षा और व्यवस्था को मजबूत किया जा रहा है। कैडेटों के लिए यह क्षण उनके सैन्य करियर की शुरुआत का सम्मानित अवसर होगा।






