
सेलाकुई: उत्तराखंड की राजधानी देहरादून के सेलाकुई क्षेत्र में त्रिपुरा के छात्र एंजेल चकमा की हत्या का मामला लगातार गंभीर होता जा रहा है। अब इस हत्याकांड से जुड़ा सीसीटीवी वीडियो भी सामने आया है, जिसमें कुछ युवक एंजेल चकमा पर हमला करते हुए दिखाई दे रहे हैं। यह घटना 9 दिसंबर की बताई जा रही है, जबकि इलाज के दौरान 26 दिसंबर की सुबह छात्र की मौत हो गई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए खुद मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने संज्ञान लिया और मृतक छात्र के पिता से फोन पर बातचीत की। इस घटना ने देहरादून में पढ़ाई कर रहे बाहरी राज्यों के छात्रों की सुरक्षा को लेकर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है।
पृष्ठभूमि / संदर्भ
मृतक एंजेल चकमा त्रिपुरा के उनाकोटी जिले का रहने वाला था और देहरादून में एमबीए फाइनल ईयर का छात्र था। वह अपने छोटे भाई के साथ सेलाकुई क्षेत्र में किराये पर रहकर पढ़ाई कर रहा था। उत्तराखंड में देश के विभिन्न राज्यों, खासकर नॉर्थ ईस्ट के बड़ी संख्या में छात्र शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। ऐसे में यह घटना राज्य की कानून-व्यवस्था और सामाजिक सौहार्द के लिए बेहद चिंताजनक मानी जा रही है।
पूरी घटना क्या है
आरोप है कि 9 दिसंबर को एंजेल चकमा अपने भाई माइकल चकमा के साथ बाजार गया था। इसी दौरान कुछ युवकों ने दोनों पर आपत्तिजनक टिप्पणी की। एंजेल ने इसका विरोध किया, जिसके बाद विवाद बढ़ गया। आरोपियों ने 5 से 6 लोगों के साथ मिलकर एंजेल चकमा पर धारदार हथियार से हमला कर दिया। इस हमले में उसका भाई भी घायल हुआ, लेकिन एंजेल को गंभीर चोटें आईं। उसे तत्काल ग्राफिक एरा मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान 26 दिसंबर को उसकी मौत हो गई।
आधिकारिक जानकारी
मृतक के भाई माइकल चकमा की तहरीर पर पुलिस ने हत्या का मुकदमा दर्ज किया। देहरादून पुलिस ने इस मामले में पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें दो नाबालिग शामिल हैं, जिन्हें बाल सुधार गृह भेज दिया गया है। एक आरोपी अभी फरार है, जिसके नेपाल भागने की आशंका जताई जा रही है। उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस की एक टीम नेपाल भेजी गई है।
देहरादून के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय सिंह ने बताया कि मामले की जांच जारी है और सभी सबूतों के आधार पर आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
स्थानीय प्रतिक्रिया
इस घटना के बाद देहरादून में पढ़ाई कर रहे नॉर्थ ईस्ट और अन्य राज्यों के छात्रों में भय का माहौल है।
स्थानीय छात्रों का कहना है कि इस तरह की नस्लभेदी टिप्पणियां और हिंसा किसी भी हाल में स्वीकार्य नहीं है। रविवार को नॉर्थ ईस्ट के छात्रों ने एकत्र होकर स्पष्ट कहा कि वे इस तरह की घटनाओं को बर्दाश्त नहीं करेंगे और प्रशासन से ठोस सुरक्षा व्यवस्था की मांग की।
CCTV और सबूत
घटना वाले दिन का सीसीटीवी फुटेज सामने आया है, जिसमें एंजेल चकमा अपने भाई के साथ खड़ा दिखाई दे रहा है और कुछ समय बाद हमला होता नजर आता है। पुलिस इस फुटेज को जांच का अहम सबूत मान रही है।
आंकड़े / तथ्य
इस मामले में अब तक 6 आरोपी सामने आए हैं।
5 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है।
2 आरोपी नाबालिग हैं।
1 आरोपी नेपाल में फरार बताया जा रहा है।
आगे क्या होगा
पुलिस फरार आरोपी की गिरफ्तारी के लिए नेपाल में लगातार दबिश दे रही है। साथ ही देहरादून के उन इलाकों में गश्त बढ़ाई गई है, जहां बाहरी राज्यों के छात्र रहकर पढ़ाई कर रहे हैं। पुलिस का कहना है कि छात्रों की सुरक्षा उनकी प्राथमिक जिम्मेदारी है और इस मामले में किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।






