
देहरादून: उत्तराखंड राज्य स्थापना की रजत जयंती के मुख्य कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संभावित आगमन को देखते हुए जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। जिलाधिकारी सविन बंसल ने एफआरआई परिसर में होने वाले इस समारोह की तैयारियों की समीक्षा की और ड्यूटी में तैनात मजिस्ट्रेटों व नोडल अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि वीवीआईपी ड्यूटी में किसी भी प्रकार की चूक बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
पृष्ठभूमि / संदर्भ
उत्तराखंड राज्य स्थापना की 25वीं वर्षगांठ को रजत जयंती वर्ष के रूप में मनाया जा रहा है। इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के देहरादून आगमन की संभावना के चलते प्रशासन ने एफआरआई (Forest Research Institute) परिसर में मुख्य कार्यक्रम की तैयारियां तेज कर दी हैं। यह कार्यक्रम राज्यभर के लिए प्रतीकात्मक महत्व रखता है, क्योंकि इसमें राज्य के 25 वर्षों की उपलब्धियां प्रस्तुत की जाएंगी।
डीएम सविन बंसल की ब्रीफिंग
शुक्रवार को सर्वे चौक स्थित आईआरडीटी ऑडिटोरियम में आयोजित ब्रीफिंग के दौरान जिलाधिकारी सविन बंसल ने सभी सेक्टर मजिस्ट्रेटों, नोडल अधिकारियों और संबंधित कर्मियों को कार्यक्रम व्यवस्था से जुड़े निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि — “वीवीआईपी ड्यूटी अत्यंत संवेदनशील होती है, इसमें किसी प्रकार की लापरवाही या भूल के लिए कोई स्थान नहीं है।”
डीएम ने अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए कि कार्यक्रम स्थल पर सुरक्षा, यातायात, पार्किंग, स्वास्थ्य सुविधाएं, बैठने की व्यवस्था और वीआईपी मूवमेंट का संपूर्ण प्रबंधन पहले से तय हो।
समन्वय और निरीक्षण के निर्देश
जिलाधिकारी ने सभी सेक्टर और नोडल अधिकारियों को अपने-अपने ब्लॉक क्षेत्र का पूर्व निरीक्षण करने के निर्देश दिए ताकि कार्यक्रम के दिन किसी भी तरह की अव्यवस्था या असुविधा न हो। उन्होंने कहा कि यदि किसी अधिकारी या कर्मी को अपनी ड्यूटी से संबंधित कोई शंका या समस्या हो, तो उसे समय रहते स्पष्ट कर लिया जाए।
अधिकारियों की भागीदारी
इससे पहले मुख्य विकास अधिकारी अभिनव शाह और नगर मजिस्ट्रेट प्रत्यूष सिंह ने भी अधिकारियों को ब्लॉकवार जिम्मेदारियों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। सभी सेक्टर मजिस्ट्रेटों को उनके क्षेत्राधिकार और कार्य योजना की रूपरेखा सौंपी गई ताकि समन्वय के साथ कार्यक्रम का संचालन हो सके।
स्थानीय दृष्टिकोण
देहरादून के एक स्थानीय नागरिक सौरभ नेगी ने कहा, “एफआरआई में कार्यक्रम राज्य के लिए गर्व का क्षण है। उम्मीद है कि प्रशासन की तैयारी से इस बार कोई अव्यवस्था नहीं होगी।”
वहीं, शहर के एक व्यापारी ने कहा, “कार्यक्रम के चलते यातायात पर असर जरूर पड़ेगा, लेकिन यदि व्यवस्था सुचारु रही तो आमजन को राहत मिलेगी।”
आगे की दिशा
प्रशासन ने सभी तैयारियों को अंतिम चरण में पहुंचाने के निर्देश दिए हैं। शनिवार से एफआरआई परिसर में सुरक्षा एजेंसियों की तैनाती शुरू हो जाएगी। डीएम ने सभी विभागों से कहा है कि कार्यक्रम से पूर्व फुल ड्रेस रिहर्सल अनिवार्य रूप से की जाए ताकि किसी प्रकार की तकनीकी या प्रबंधन संबंधी त्रुटि न रहे।







