
देहरादून: उत्तराखंड राज्य स्थापना के 25 वर्ष पूरे होने पर प्रदेश भर में रजत जयंती समारोह आयोजित किए जा रहे हैं। इस अवसर पर मुख्य कार्यक्रम 9 नवंबर को देहरादून स्थित वन अनुसंधान संस्थान (एफआरआई) परिसर में आयोजित होगा, जिसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। कार्यक्रम को लेकर एफआरआई में तैयारियां युद्ध स्तर पर चल रही हैं और प्रशासन ने सुरक्षा व यातायात की विशेष व्यवस्था की है।
पृष्ठभूमि / संदर्भ
उत्तराखंड राज्य गठन की 25वीं वर्षगांठ इस बार रजत जयंती वर्ष के रूप में मनाई जा रही है। 1 नवंबर से ही प्रदेश के विभिन्न जिलों में सांस्कृतिक और विकासपरक कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। राज्य स्थापना दिवस के अवसर पर यह वर्ष ऐतिहासिक महत्व रखता है, क्योंकि यह राज्य की अब तक की उपलब्धियों और आने वाले 25 वर्षों के लिए विकास की दिशा तय करने का अवसर भी है।
विशेष सत्र और विकास यात्रा पर चर्चा
रजत जयंती के तहत विधानसभा में आयोजित विशेष सत्र में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने पहले दिन सदन को संबोधित किया। इसके बाद तीन दिनों तक चले इस सत्र में उत्तराखंड के 25 वर्षों की विकास यात्रा और आगामी 25 वर्षों के रोडमैप पर विस्तृत चर्चा हुई।
एफआरआई में मुख्य कार्यक्रम की तैयारियाँ तेज़
अब राज्य स्थापना दिवस का मुख्य समारोह देहरादून स्थित एफआरआई में आयोजित किया जाएगा। गढ़वाल आयुक्त विनय शंकर पांडेय ने बताया कि तैयारियां लगभग 90 प्रतिशत पूरी हो चुकी हैं और शेष फिनिशिंग कार्य जल्द पूरे कर लिए जाएंगे। उन्होंने कहा कि “राज्य गठन के बाद की 25 वर्षों की विकास यात्रा को प्रदर्शित करने के लिए विशेष एग्जीबिशन तैयार किया गया है।”
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस कार्यक्रम में उत्तराखंड के उन कर्मयोगियों से संवाद करेंगे जिन्होंने राज्य निर्माण और विकास में अहम योगदान दिया है। कार्यक्रम में 75 हजार से एक लाख लोगों के शामिल होने की संभावना जताई गई है।
सीएम धामी ने लिया तैयारियों का जायजा
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने स्वयं एफआरआई पहुंचकर व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि आमजन को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो और सभी व्यवस्थाएँ समय पर पूर्ण की जाएं। उन्होंने विशेष रूप से यातायात नियंत्रण और आवागमन व्यवस्था पर ध्यान देने के निर्देश दिए।
जीरो जोन और ट्रैफिक व्यवस्था
प्रधानमंत्री मोदी की उपस्थिति को देखते हुए प्रशासन ने एफआरआई के 500 मीटर क्षेत्र को जीरो जोन घोषित किया है। इस क्षेत्र में आम वाहनों का प्रवेश निषिद्ध रहेगा। दून पुलिस ने इस मौके के लिए विशेष ट्रैफिक प्लान तैयार किया है ताकि कार्यक्रम के दौरान किसी भी प्रकार की भीड़ या जाम की स्थिति न बने। नागरिकों से अपील की गई है कि 9 नवंबर को बाहर निकलने से पहले वैकल्पिक मार्गों की जानकारी अवश्य प्राप्त करें।
स्थानीय प्रतिक्रियाएँ
देहरादून के स्थानीय नागरिकों का कहना है कि राज्य स्थापना दिवस को इस बार भव्य रूप में मनाया जा रहा है। एक निवासी ने कहा, “यह हमारे राज्य के गौरव का क्षण है, उम्मीद है कि अगले 25 सालों में उत्तराखंड और आगे बढ़ेगा।”
आगे क्या होगा
9 नवंबर को आयोजित होने वाले इस मुख्य समारोह के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संबोधन और प्रदर्शनी का उद्घाटन होने की संभावना है। सुरक्षा एजेंसियों और प्रशासन की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। समारोह के बाद पूरे प्रदेश में सांस्कृतिक कार्यक्रमों की श्रृंखला जारी रहेगी।







