
हल्द्वानी: जमीन फर्जीवाड़े के लिए चर्चित ठेकेदार धनंजय गिरी से जुड़े मामलों की जांच में लापरवाही और संभावित मिलीभगत सामने आने के बाद कड़ा कदम उठाया गया है। आईजी कुमाऊं रिद्धिम अग्रवाल ने भोटिया पड़ाव चौकी इंचार्ज अनिल कुमार को निलंबित कर दिया है। शहर में कई लोगों के साथ धोखाधड़ी कर चुके इस ठेकेदार के खिलाफ अब तक नौ आपराधिक मामले दर्ज हैं। पीड़ितों के लिए राहत की बात यह है कि पुलिस ठेकेदार के नाम दर्ज संपत्तियों की सूची तैयार कर रही है, ताकि ठगे गए लोगों को उनका पैसा वापस दिलाने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा सके।
पृष्ठभूमि और संदर्भ
धनंजय गिरी पर जमीन और भवनों की खरीद-फरोख्त के नाम पर कई लोगों से ठगी करने के आरोप हैं। आरोप है कि उसने फर्जी दस्तावेजों के सहारे बैंक में बंधक रखी गई संपत्तियों तक को बेच दिया। मामलों की गंभीरता को देखते हुए नवंबर 2024 में एसपी सिटी की अध्यक्षता में एक विशेष जांच टीम गठित की गई थी, जिसमें अलग-अलग मामलों के विवेचक, सीओ लालकुआं और एलआईयू इंस्पेक्टर को शामिल किया गया।
प्रशासनिक प्रतिक्रिया
जांच के दौरान कुछ पीड़ितों ने आईजी कार्यालय में लिखित शिकायतें भी दी थीं। विवेचकों को स्पष्ट निर्देश थे कि धोखाधड़ी से जुड़े मामलों की गंभीर जांच हो और पीड़ितों को उनका पैसा वापस मिल सके। इसके बावजूद भोटिया पड़ाव चौकी इंचार्ज अनिल कुमार की भूमिका में लापरवाही पाई गई, जिसके बाद आईजी के निर्देश पर निलंबन की कार्रवाई की गई।
स्थानीय प्रतिक्रिया
स्थानीय लोगों का कहना है कि लंबे समय से जमीन ठगी के मामलों को लेकर कार्रवाई की मांग की जा रही थी। पीड़ितों ने उम्मीद जताई कि संपत्तियों की सूची तैयार होने से उन्हें राहत मिलेगी और दोषियों पर सख्त कदम उठेंगे।
आगे क्या होगा
पुलिस अब ठेकेदार और उसके सहयोगियों के नाम दर्ज संपत्तियों का ब्यौरा जुटा रही है। यदि किसी के साथ धनंजय गिरी या उसके सहयोगियों ने धोखाधड़ी की है, तो पीड़ित एसआईटी प्रभारी (एसपी सिटी हल्द्वानी) से संपर्क कर सकते हैं या मोबाइल नंबर 9411110057 पर अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं।
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