
रुद्रप्रयाग: विकासखंड अगस्त्यमुनि के अंतर्गत राजकीय इंटर कॉलेज बीना में कार्यरत प्रवक्ता प्रभाकर थपलियाल की तबीयत विद्यालय में कार्य के दौरान अचानक बिगड़ गई। चिकित्सकीय परीक्षण में उन्हें ब्रेन स्ट्रोक होने की पुष्टि हुई, जिसके बाद उनकी स्थिति गंभीर हो गई। विद्यालय प्रशासन और सहकर्मियों ने तत्काल उन्हें जिला चिकित्सालय रुद्रप्रयाग पहुंचाया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उच्च उपचार केंद्र रेफर करने की संस्तुति की गई। प्रशासन की त्वरित पहल से शिक्षक को एयर एंबुलेंस के जरिए एम्स ऋषिकेश भेजा गया, जहां उनका उपचार जारी है।
पृष्ठभूमि / संदर्भ
पर्वतीय जिलों में आपात चिकित्सा सेवाओं की त्वरित उपलब्धता जीवन रक्षक साबित होती है। सीमित संसाधनों और दुर्गम भौगोलिक परिस्थितियों के बीच गंभीर मरीजों को समय पर उच्च उपचार केंद्र तक पहुंचाना प्रशासन के लिए चुनौतीपूर्ण रहता है। ऐसे में एयर एंबुलेंस सेवा आपदा और आपात स्थितियों में अहम भूमिका निभाती है।
विद्यालय में अचानक बिगड़ी तबीयत
घटना के अनुसार, कार्य के दौरान ही प्रभाकर थपलियाल को ब्रेन स्ट्रोक आया, जिससे उनका स्वास्थ्य तेजी से बिगड़ने लगा। विद्यालय प्रशासन और सहकर्मियों ने बिना समय गंवाए उन्हें जिला चिकित्सालय पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार किया और स्थिति गंभीर देखते हुए रेफर करने की सलाह दी।
आधिकारिक जानकारी
घटना की सूचना मिलते ही जिलाधिकारी प्रतीक जैन ने तत्काल एयर एंबुलेंस की व्यवस्था कराने के निर्देश दिए। जिला प्रशासन के त्वरित समन्वय के बाद कम समय में एयर एंबुलेंस उपलब्ध कराई गई और शिक्षक को एम्स ऋषिकेश एयरलिफ्ट किया गया।
परिजनों की भूमिका और सहयोग
मरीज के परिजन उपेंद्र सती ने बताया कि स्कूल परिसर में ही प्रभाकर थपलियाल को ब्रेन स्ट्रोक आया था। बेहतर उपचार के लिए उन्होंने सामाजिक कार्यकर्ता कुलदीप राणा आजाद और फिर विधायक आशा नौटियाल से संपर्क किया। उनके माध्यम से शासन और प्रशासन से समन्वय बना और एयर एंबुलेंस की व्यवस्था संभव हो सकी। परिजनों ने पर्वतीय क्षेत्रों के लिए राज्य सरकार की एयर एंबुलेंस सेवा को अत्यंत उपयोगी बताते हुए आभार जताया।
प्रशासनिक तत्परता
जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदन सिंह रजवार ने बताया कि सुबह करीब 9 बजे प्रशासन को सूचना मिली थी। जिला चिकित्सालय में उपचार के बाद मरीज की स्थिति गंभीर पाई गई, जिसके बाद आपसी समन्वय से एयरलिफ्ट कर एम्स ऋषिकेश भेजने का निर्णय लिया गया और तुरंत पत्राचार कर कार्रवाई पूरी की गई।
आगे क्या होगा
एम्स ऋषिकेश में विशेषज्ञ चिकित्सकों की निगरानी में प्रभाकर थपलियाल का उपचार जारी है। प्रशासन और परिजन लगातार उनकी स्वास्थ्य स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं।







