
देहरादून: उत्तराखंड में चुनाव आयोग का विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) शुरू होने से पहले मतदाताओं को अपना नया वोट बनवाने, नाम हटवाने या पता बदलवाने का अवसर मिल रहा है। एसआईआर घोषित होने के बाद यह प्रक्रिया अस्थायी रूप से रुक जाएगी और केवल आवेदन ही स्वीकार किए जाएंगे। ऐसे में आयोग ने नागरिकों से समय रहते अपनी जानकारी अपडेट कराने की अपील की है।
पृष्ठभूमि / संदर्भ
राज्य में आगामी चुनावी गतिविधियों को देखते हुए मतदाता सूची का पुनरीक्षण महत्वपूर्ण माना जा रहा है। आयोग ने स्पष्ट किया है कि एसआईआर प्रक्रिया शुरू होने पर फील्ड सत्यापन और संशोधन बंद हो जाएंगे, इसलिए यह अवधि मतदाताओं के लिए विशेष रूप से महत्वपूर्ण है। जिन लोगों का नाम सूची में नहीं है या दो स्थानों पर दर्ज है, उन्हें तुरंत सुधार करना चाहिए।
आधिकारिक जानकारी
चुनाव आयोग के अनुसार, जिन मतदाताओं के नाम दो जगह दर्ज हैं, उन्हें तुरंत एक स्थान से अपना नाम हटवाना चाहिए। दोहरे नाम पाए जाने पर मतदाता को नोटिस मिल सकता है। जिन युवा मतदाताओं ने अभी तक अपना वोट नहीं बनवाया है, वे एसआईआर से पहले आवेदन कर सूची में शामिल हो सकते हैं।
नया वोट बनवाने के लिए आयोग की वेबसाइट voters.eci.gov.in पर ऑनलाइन फॉर्म-6 उपलब्ध है। दो स्थानों से नाम हटवाने के लिए फॉर्म-7 भरा जा सकता है। नाम, पता या अन्य त्रुटियों को सुधारने के लिए फॉर्म-8 का विकल्प दिया गया है। सभी फॉर्म के साथ सरल गाइडलाइंस भी प्रदान की गई हैं। आवेदन के दौरान मोबाइल नंबर और आधार कार्ड की आवश्यकता पड़ सकती है।
आयोग ने बताया कि एसआईआर लागू होने के बाद केवल आवेदन स्वीकार किए जाएंगे और उनका निस्तारण पुनरीक्षण पूरा होने के बाद ही किया जाएगा।
स्थानीय प्रतिक्रिया
देहरादून में कई निवासी अपने वोटर कार्ड सुधार और नए वोट बनवाने के लिए ऑनलाइन माध्यम का उपयोग कर रहे हैं। स्थानीय युवाओं का कहना है कि डिजिटल प्रक्रिया से आवेदन करना आसान हुआ है, लेकिन कई वरिष्ठ नागरिकों को इस दौरान तकनीकी सहायता की जरूरत पड़ रही है।
कुछ नागरिकों ने माना कि दो जगह नाम दर्ज होने से अनावश्यक कानूनी जटिलताएँ पैदा हो सकती हैं, इसलिए यह समय सुधार के लिए सबसे उपयुक्त है।
अगला कदम / आगे क्या
एसआईआर की औपचारिक घोषणा किसी भी समय हो सकती है, जिसके बाद संशोधन प्रक्रिया रोक दी जाएगी। आयोग ने जिलों को निर्देश दिया है कि वे घर–घर संपर्क कार्यक्रम और जागरूकता अभियानों को तेज करें। नागरिकों को सलाह दी गई है कि वे तत्काल ऑनलाइन फॉर्म भरकर अपने वोट से जुड़ी सभी त्रुटियों को ठीक कर लें, ताकि पुनरीक्षण में उनका नाम शामिल हो सके।







