
देहरादून सहित पूरे उत्तराखंड में इन दिनों हाड़कंपा देने वाली ठंड का असर साफ तौर पर देखने को मिल रहा है। पहाड़ी जिलों से लेकर मैदानी इलाकों तक मौसम के बदले मिजाज ने जनजीवन को प्रभावित कर दिया है। पर्वतीय क्षेत्रों में सुबह के समय कोहरा और दिन में हल्की धूप राहत दे रही है, जबकि मैदानी जिलों में घने कोहरे की चादर छाई हुई है। सुबह और शाम के समय लोग अलाव का सहारा लेने को मजबूर हैं। मौसम विभाग की चेतावनी के अनुसार कुछ जिलों में बारिश और ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी के आसार हैं, जिससे ठंड और बढ़ने की संभावना जताई जा रही है।
पृष्ठभूमि / संदर्भ
हर साल सर्दियों के मौसम में उत्तराखंड के पर्वतीय और मैदानी जिलों में ठंड और कोहरे का असर देखने को मिलता है। इस बार भी दिसंबर के अंतिम सप्ताह में तापमान में गिरावट दर्ज की जा रही है। पहाड़ी इलाकों में सुबह-शाम कंपकंपी छुड़ाने वाली ठंड है, वहीं मैदानी क्षेत्रों में कोहरा लोगों की दिनचर्या और आवाजाही को प्रभावित कर रहा है।
आधिकारिक जानकारी
भारत मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार, उत्तरकाशी, चमोली और पिथौरागढ़ जिलों के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में कहीं-कहीं बारिश की संभावना है। वहीं 3500 मीटर और उससे अधिक ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी के आसार जताए गए हैं। हरिद्वार, उधम सिंह नगर, नैनीताल, चंपावत, देहरादून और पौड़ी जिलों के मैदानी क्षेत्रों में शीत दिवस की स्थिति को देखते हुए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। देहरादून में आज अधिकतम तापमान लगभग 21 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 8 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है।
स्थानीय प्रतिक्रिया
स्थानीय लोगों का कहना है कि सुबह और शाम के समय ठंड काफी बढ़ गई है। कई क्षेत्रों में लोग अलाव जलाकर ठंड से बचाव कर रहे हैं। वाहन चालकों ने बताया कि घने कोहरे के कारण सड़कों पर चलना मुश्किल हो रहा है और सावधानी बरतनी पड़ रही है।
आंकड़े / तथ्य
मैदानी क्षेत्रों में कई स्थानों पर विजिबिलिटी बेहद कम दर्ज की गई है। घने कोहरे के चलते हाईवे पर वाहन रेंगते हुए दिखाई दे रहे हैं और ड्राइवरों को लाइट जलाकर गाड़ी चलानी पड़ रही है। बीते दिनों गंगोत्री क्षेत्र में अत्यधिक ठंड के कारण नदी-नाले और झरनों के जमने की तस्वीरें भी सामने आई थीं।
आगे क्या होगा
मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में ठंड का असर बना रह सकता है। पहाड़ी क्षेत्रों में बर्फबारी और मैदानी इलाकों में कोहरे की संभावना को देखते हुए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है। प्रशासन भी हालात पर नजर बनाए हुए है।






