
देहरादून: उत्तराखंड भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष और राज्यसभा सदस्य महेंद्र भट्ट को अज्ञात नंबर से जान से मारने की धमकी मिलने का मामला सामने आया है। देहरादून में रविवार को उनके निजी मोबाइल नंबर पर बार-बार अपशब्दों के साथ धमकी भरे फोन आए, जिसके बाद उन्होंने कैंट कोतवाली में तहरीर दी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। यह घटना प्रदेश की राजनीतिक सुरक्षा और कानून-व्यवस्था से जुड़ा अहम मामला बन गई है।
पृष्ठभूमि / संदर्भ
प्रदेश में सक्रिय राजनीति के बीच किसी शीर्ष राजनीतिक पदाधिकारी को धमकी मिलना सुरक्षा एजेंसियों के लिए चिंता का विषय माना जाता है। इससे पहले भी देश-प्रदेश में नेताओं को धमकी मिलने के मामलों में पुलिस को साइबर और तकनीकी जांच का सहारा लेना पड़ा है।
क्या कहा तहरीर में
महेंद्र भट्ट ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि रविवार को अज्ञात नंबर से उन्हें लगातार फोन किए गए। फोन करने वाला व्यक्ति अपशब्दों का प्रयोग करते हुए जान से मारने की धमकी दे रहा था। उन्होंने समझाने का प्रयास भी किया कि इस तरह की भाषा का प्रयोग गलत है, लेकिन इसके बावजूद कॉल आते रहे।
आधिकारिक जानकारी
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय सिंह ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए कैंट कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक कमल कुमार लुंठी को जांच समिति गठित करने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही साइबर सेल को अज्ञात नंबर की तकनीकी जांच के लिए लगाया गया है, ताकि कॉल करने वाले की पहचान की जा सके।
राजनीतिक पहलू
तहरीर में यह भी उल्लेख किया गया है कि धमकी भरे फोन के पीछे किसी राजनीतिक प्रतिद्वंद्वी की भूमिका होने की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता। इस एंगल से भी पुलिस जांच कर रही है।
स्थानीय प्रतिक्रिया
स्थानीय राजनीतिक कार्यकर्ताओं का कहना है कि इस तरह की धमकियां लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए ठीक नहीं हैं।
लोगों की मांग है कि आरोपी की जल्द पहचान कर सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाएं दोहराई न जाएं।
आगे क्या होगा
पुलिस साइबर तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर कॉल डिटेल्स और लोकेशन ट्रेस कर रही है। जांच पूरी होने के बाद आरोपी के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।





