
रुद्रपुर: किच्छा कोतवाली क्षेत्र में वर्ष 2018 में हुए प्रॉपर्टी डीलर समीर अहमद हत्याकांड में अदालत ने पांच आरोपियों को दोषी करार दिया है। कोर्ट के आदेश पर तीन आरोपियों को पुलिस हिरासत में ले लिया गया है, जबकि शेष दो आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए वारंट जारी किए गए हैं। दोष सिद्ध होने के बाद सभी पांच आरोपियों को 22 दिसंबर को सजा सुनाई जाएगी। हालांकि, हत्याकांड का कथित मास्टरमाइंड सात साल बाद भी फरार है, जिसे भगोड़ा घोषित किया जा चुका है।
पृष्ठभूमि / संदर्भ
यह मामला 3 मई 2018 का है, जब किच्छा के आदित्य चौक के पास शर्मा ढाबे के बाहर मोटरसाइकिल सवार नकाबपोश बदमाशों ने दिनदहाड़े प्रॉपर्टी डीलर समीर अहमद की गोली मारकर हत्या कर दी थी। घटना से क्षेत्र में सनसनी फैल गई थी और पुलिस ने इसे गंभीरता से लेते हुए विस्तृत जांच शुरू की थी।
आधिकारिक जानकारी
जांच के दौरान किच्छा कोतवाली पुलिस ने 22 मई 2018 को शूटर सुखदेव उर्फ सुक्खा, अंग्रेज सिंह और कथित मास्टरमाइंड जसविंदर सिंह को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। इसके बाद 30 मई 2018 को प्रसन्नजीत सिंह उर्फ सन्नी और 2 जून 2018 को गुरचरण सिंह उर्फ बंटी की गिरफ्तारी की गई थी। मामले की सुनवाई एडीजे तृतीय मुकेश कुमार आर्या की अदालत में चल रही थी।
अदालत का फैसला
सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता (फौजदारी) अनिल कुमार सिंह ने बताया कि अदालत ने सुनवाई के दौरान अंग्रेज सिंह उर्फ रिंकू, गुरचरण सिंह उर्फ बंटी और प्रसन्नजीत सिंह उर्फ सन्नी की उपस्थिति पर उन्हें पुलिस हिरासत में लेने के आदेश दिए। वहीं, सुनवाई में अनुपस्थित जसविंदर सिंह और सुखदेव सिंह उर्फ सुक्खा के खिलाफ वारंट जारी कर किच्छा पुलिस को उन्हें गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश करने के निर्देश दिए गए हैं। अदालत ने सभी पांच आरोपियों को दोषी ठहराते हुए 22 दिसंबर को सजा सुनाने की तिथि निर्धारित की है।
मास्टरमाइंड अब भी फरार
इस हत्याकांड में मुख्य आरोपी जसविंदर सिंह का पुत्र रणदीप सिंह उर्फ राजा अब भी फरार है। तत्कालीन एसएसपी द्वारा उसके खिलाफ लुकआउट सर्कुलर जारी किया गया था और 15 सितंबर 2018 को उसे मुंबई एयरपोर्ट से पकड़ा भी गया था। बाद में दिल्ली से किच्छा लाते समय हापुड़ के पास पुलिस वाहन दुर्घटनाग्रस्त हो गया, जिसका फायदा उठाकर रणदीप हथकड़ी सहित फरार हो गया। इसके बाद व्यापक तलाश के बावजूद वह पुलिस की पकड़ से बाहर रहा और उसे भगोड़ा घोषित कर दिया गया।
आगे क्या होगा
अब दोष सिद्ध हो चुके पांच आरोपियों को 22 दिसंबर को सजा सुनाई जाएगी। वहीं, फरार मास्टरमाइंड की तलाश जारी है। पुलिस का कहना है कि उसकी गिरफ्तारी के प्रयास लगातार किए जा रहे हैं और जैसे ही सुराग मिलेगा, कार्रवाई की जाएगी।






