
हरिद्वार: कनखल थाना क्षेत्र के नूरपुर पंजनहेड़ी गांव में दो पक्षों के बीच हुए विवाद के दौरान चली गोलीबारी के मामले में पुलिस ने छह आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। यह कार्रवाई हरिद्वार जिला पंचायत उपाध्यक्ष अमित चौहान की तहरीर पर की गई है, जिसमें मातृ सदन के संत ब्रह्मचारी सुधानंद को भी आरोपी बनाया गया है। घटना में अमित चौहान के भाई सचिन चौहान और कृष्णपाल गोली लगने से घायल हुए, जिन्हें गंभीर हालत में हायर सेंटर रेफर किया गया है। मामले ने क्षेत्र में कानून-व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ा दी है।
पृष्ठभूमि / संदर्भ
घटना बुधवार सुबह उस समय हुई जब प्रशासन की टीम सरकारी भूमि पर अवैध कब्जे की शिकायत की जांच के लिए गांव पहुंची थी। मौके पर मौजूद लोगों के बीच बहस बढ़ी और कुछ ही देर में मामला हिंसा में बदल गया। गोलीबारी की आवाज से गांव में अफरा-तफरी मच गई और बड़ी संख्या में लोग घटनास्थल पर जमा हो गए।
आधिकारिक जानकारी
पुलिस के अनुसार, अमित चौहान ने शिकायत में बताया कि वह अपने भाई सचिन चौहान, कृष्णपाल चौहान और अन्य कर्मचारियों के साथ उषा टाउनशिप में मौजूद थे। आरोप है कि सुबह करीब सवा दस बजे अतुल चौहान, तरुण चौहान, गौरव चौहान, अभिषेक चौहान सहित अन्य लोग गाड़ियों से वहां पहुंचे और जान से मारने की नीयत से फायरिंग की। फायरिंग में सचिन चौहान के पेट और कृष्णपाल के बाएं हाथ में गोली लगी। भीड़ जुटने पर आरोपी मौके पर गाड़ियां छोड़कर ब्रह्मचारी सुधानंद की गाड़ी से फरार हो गए।
एसपी सिटी अभय सिंह ने बताया कि पीड़ित पक्ष की तहरीर पर छह आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है। उन्होंने बताया कि घटना के कुछ घंटे बाद मुख्य आरोपी अतुल चौहान ने कनखल थाने पहुंचकर अपनी लाइसेंसी पिस्टल जमा कराई और आत्मसमर्पण किया। फिलहाल पुलिस सभी पहलुओं से जांच कर रही है।
स्थानीय प्रतिक्रिया
स्थानीय लोगों का कहना है कि दिनदहाड़े फायरिंग की घटना से इलाके में दहशत फैल गई। ग्रामीणों ने बताया कि गोली चलने के बाद लोग घरों से बाहर निकल आए और स्थिति तनावपूर्ण हो गई थी। लोगों ने पुलिस से दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
आंकड़े / तथ्य
घटना में दो लोग गोली लगने से घायल हुए।
मामले में छह आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है।
घायलों का इलाज एम्स ऋषिकेश में चल रहा है।
आगे क्या होगा
पुलिस के अनुसार, फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के प्रयास तेज किए गए हैं और घटनास्थल से जुटाए गए साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। जांच के बाद दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कदम उठाए जाने की बात कही गई है।




