
रामनगर: कॉर्बेट टाइगर रिजर्व के कालागढ़ क्षेत्र में एक बार फिर जंगली हाथी की आमद से दहशत का माहौल बन गया। दोपहर के समय एक जंगली हाथी अचानक रिहायशी इलाके की नई कॉलोनी में घुस आया, जिससे अफरा-तफरी मच गई। सड़क पर मौजूद लोग और बाइक सवार जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे। हाथी द्वारा कुछ लोगों को दौड़ाए जाने से स्थिति और भयावह हो गई। काफी मशक्कत और शोर-शराबे के बाद हाथी को जंगल की ओर खदेड़ा जा सका।
पृष्ठभूमि / संदर्भ
कॉर्बेट टाइगर रिजर्व से सटे कालागढ़ और आसपास के इलाकों में जंगली हाथियों और अन्य वन्यजीवों की आवाजाही पहले भी सामने आती रही है। सर्दियों के मौसम में जंगलों से सटे रिहायशी क्षेत्रों में वन्यजीवों की सक्रियता बढ़ जाती है, जिससे मानव-वन्यजीव संघर्ष की घटनाएं सामने आती हैं।
घटना का विवरण
जानकारी के अनुसार कालागढ़ क्षेत्र की नई कॉलोनी, जो पूरी तरह रिहायशी इलाका है, वहां अचानक एक जंगली हाथी पहुंच गया। हाथी को देखकर सड़क पर चल रहे लोग और बाइक सवार घबराकर भागने लगे। इस दौरान हाथी ने कुछ लोगों के पीछे दौड़ भी लगाई, जिससे पूरे इलाके में हड़कंप मच गया। लोग काफी देर तक सहमे रहे और सुरक्षित स्थानों पर छिपकर अपनी जान बचाई।
वायरल वीडियो और दहशत
इस पूरी घटना का वीडियो मौके पर मौजूद लोगों ने अपने मोबाइल में रिकॉर्ड कर लिया, जो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि किस तरह हाथी सड़क पर लोगों के पीछे दौड़ता नजर आ रहा है। बताया जा रहा है कि यह वीडियो करीब दो दिन पुराना है।
वन विभाग की कार्रवाई
घटना के बाद वन विभाग अलर्ट मोड पर आ गया है। जंगल से सटे रिहायशी इलाकों में वनकर्मियों की गश्त बढ़ा दी गई है। हाथी और अन्य वन्यजीवों की गतिविधियों पर लगातार निगरानी रखी जा रही है, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके और लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
विशेषज्ञ का बयान
कॉर्बेट टाइगर रिजर्व के निदेशक डॉ. साकेत बडोला ने बताया कि सर्दियों के मौसम में वन्यजीव अपेक्षाकृत अधिक आक्रामक हो जाते हैं, चाहे वह हाथी हो या अन्य जानवर। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे किसी भी वन्यजीव के पास न जाएं और फोटो या वीडियो बनाने से बचें, क्योंकि इस तरह की लापरवाही जानलेवा साबित हो सकती है।
स्थानीय प्रतिक्रिया
स्थानीय लोगों का कहना है कि अचानक हाथी के आबादी में पहुंचने से बच्चों और बुजुर्गों में भय बना हुआ है। ग्रामीणों और कॉलोनीवासियों ने वन विभाग से स्थायी निगरानी और चेतावनी व्यवस्था मजबूत करने की मांग की है।
आगे क्या होगा
वन विभाग के अनुसार क्षेत्र में गश्त और मॉनिटरिंग लगातार जारी रहेगी। हाथी की मूवमेंट पर नजर रखी जा रही है और किसी भी आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।





