
देहरादून—पूर्व विधायक प्रणव चैंपियन के बेटे दिव्य प्रताप रविवार शाम राजपुर थाने में पेश हुआ और पुलिस के समक्ष अपना बयान दर्ज कराया। उसने 14 नवंबर की रात राजपुर रोड पर एक कार चालक से मारपीट करने की बात स्वीकार की, हालांकि उसने स्पष्ट किया कि घटना में आर. यशोवर्धन का कोई हाथ नहीं था।
पृष्ठभूमि / संदर्भ
14 नवंबर की रात राजपुर रोड पर एक वीडियो वायरल हुआ था, जिसमें दिव्य प्रताप हाथ में पिस्टल लिए एक व्यक्ति को धमकाते और पीटते दिखाई दे रहा था। वीडियो सामने आने के बाद पुलिस ने मामले में प्राथमिकी दर्ज की थी और दिव्य को पूछताछ के लिए तलब किया था।
दिव्य प्रताप थाने पहुँचा, दिए बयान
रविवार शाम दिव्य प्रताप राजपुर थाने पहुंचा और पुलिस को अपना बयान दर्ज करवाया। पुलिस सूत्रों के अनुसार, उसने स्वीकार किया कि उसने पूर्व मुख्य सचिव एस. रामास्वामी के बेटे आर. यशोवर्धन की गाड़ी के चालक से मारपीट की थी।
दिव्य ने कहा कि घटना व्यक्तिगत विवाद के चलते हुई और इसमें यशोवर्धन की कोई संलिप्तता नहीं है।
पिस्टल पर सफाई—‘सुरक्षा के लिए साथ रखता हूँ’
दिव्य ने पुलिस को बताया कि वह पिस्टल अपनी व्यक्तिगत सुरक्षा के लिए साथ रखता है। वायरल वीडियो के दौरान भी वह पिस्टल लेकर मौजूद था, लेकिन उसने दावा किया कि उसका उद्देश्य किसी को डराना नहीं था।
पुलिस जांच में देरी का कारण
पुलिस ने मामले में उसे पहले तलब किया था, लेकिन दिव्य ने 30 नवंबर तक खुद को निशानेबाजी की एक खेल प्रतियोगिता में व्यस्त बताया था। रविवार को वह थाने पहुंचा और जांच में शामिल हो गया।
स्थानीय प्रतिक्रिया
राजपुर रोड पर हुई घटना के वीडियो ने शहर में काफ़ी चर्चा पैदा की थी। स्थानीय लोगों ने इस प्रकार हथियार लहराने और सार्वजनिक रूप से मारपीट को कानून-व्यवस्था के लिए चिंताजनक बताया। कई लोगों ने पुलिस से सख्त कार्रवाई की मांग की थी।
आगे क्या?
पुलिस अब दिव्य प्रताप के बयान और वायरल वीडियो के अन्य साक्ष्यों को जांच में शामिल करेगी। मामले से संबंधित अन्य व्यक्तियों के बयान भी दर्ज किए जा सकते हैं। पुलिस का कहना है कि साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।





