
चकजोगीवाला क्षेत्र में बरसात के दौरान सौंग और जाखन नदी लगातार उपजाऊ कृषि भूमि को काट रही है, जिससे ग्रामीणों और किसानों में चिंता बढ़ गई है। ‘सरकार जनता के द्वार’ चौपाल कार्यक्रम में ग्रामीणों ने इस मुद्दे को मजबूती से उठाया, जिस पर नोडल अधिकारी डॉ. बलवंत मनराल ने सिंचाई विभाग को स्थायी समाधान तैयार करने के निर्देश दिए।
पृष्ठभूमि / संदर्भ
सौंग और जाखन नदी हर वर्ष बरसात के समय कटान बढ़ा देती हैं, जिसके चलते चकजोगीवाला की बड़ी कृषि भूमि प्रभावित होती है। पिछले कुछ वर्षों से नदी का रुख गांव की ओर बढ़ने लगा है, जिससे जान–माल का खतरा भी बढ़ गया है। किसान और ग्रामीण इस समस्या को लेकर लंबे समय से शिकायत कर रहे हैं।
अधिकारिक जानकारी
शुक्रवार को पंचायत भवन चकजोगीवाला में ‘सरकार जनता के द्वार’ ग्राम चौपाल आयोजित हुई। बैठक की अध्यक्षता ग्राम प्रधान मोहर सिंह असवाल और संचालन नोडल अधिकारी डॉ. बलवंत मनराल ने किया।
ग्रामीणों द्वारा उठाए गए मुख्य मुद्दे इस प्रकार रहे:
- स्थायी तटबंध निर्माण: ग्रामीण सोहन सिंह रावत ने बताया कि सौंग और जाखन नदी के कटाव से लगातार खेत नष्ट हो रहे हैं। उन्होंने तटबंध निर्माण की तत्काल जरूरत बताई।
- 11 केवी लाइन की शिफ्टिंग: नरेंद्र सजवाण ने घरों के ऊपर से गुजर रही बिजली लाइन को स्थानांतरित करने की मांग उठाई।
- बंद पड़ी पानी की टंकी: बैशाख कैंतुरा ने वर्षों से बंद पड़ी पानी की टंकी को “शोपीस” बताते हुए जल आपूर्ति शुरू करने पर जोर दिया।
- मशरूम फैक्ट्री मार्ग की बदहाली: शुभम पोखरियाल ने सड़क की खराब स्थिति का मुद्दा उठाते हुए मार्ग को पक्का करने की मांग की।
ग्राम प्रधान मोहर सिंह असवाल ने वन क्षेत्र से सटे गांव में वन्यजीवों से सुरक्षा के लिए अतिरिक्त उपाय करने की आवश्यकता बताई।
नोडल अधिकारी ने सिंचाई, पेयजल, बिजली और सड़क से जुड़े सभी मुद्दों पर संबंधित विभागों को त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए।
स्थानीय प्रतिक्रिया
ग्रामीणों ने कहा कि कई मुद्दे वर्षों से लंबित हैं और नदी के कटान से खेती प्रभावित हो रही है।
एक ग्रामीण ने कहा, “अगर जल्द तटबंध नहीं बना तो अगले बरसात के मौसम में पूरा क्षेत्र खतरे में आ सकता है।”
आगे क्या होगा
नोडल अधिकारी ने बताया कि चौपाल में कुल 18 जन समस्याएँ दर्ज हुई हैं और विभागों को जल्द कार्रवाई कर रिपोर्ट देने के निर्देश दिए गए हैं। राजस्व, पेयजल, सिंचाई और लघु सिंचाई विभाग के अधिकारियों की अनुपस्थिति को गंभीरता से लेते हुए उन्हें कारण बताओ नोटिस जारी किया जाएगा।







