
देहरादून: उत्तराखंड के बहुचर्चित अंकिता भंडारी हत्याकांड से जुड़ा उर्मिला सनावर का एक वीडियो सामने आने के बाद प्रदेश की राजनीति में हलचल तेज हो गई है। इस वीडियो को लेकर कांग्रेस और भाजपा आमने-सामने हैं। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने दिल्ली में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर वीडियो का हवाला देते हुए भाजपा नेताओं पर गंभीर आरोप लगाए, जबकि भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने उर्मिला सनावर को कांग्रेस की “टूलकिट” करार दिया। अब उर्मिला सनावर ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए महेंद्र भट्ट को चुनौती देते हुए उन पर भी बड़े खुलासे करने की बात कही है, जिससे विवाद और गहराता दिख रहा है।
पृष्ठभूमि / संदर्भ
अंकिता भंडारी हत्याकांड लंबे समय से उत्तराखंड की राजनीति और समाज में संवेदनशील मुद्दा बना हुआ है। समय-समय पर कथित वीआईपी की भूमिका को लेकर सवाल उठते रहे हैं। हालिया वीडियो और सोशल मीडिया पोस्ट के बाद यह मामला एक बार फिर राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप के केंद्र में आ गया है।
आधिकारिक जानकारी
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने 23 दिसंबर को दिल्ली में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर उर्मिला सनावर के वीडियो का उल्लेख करते हुए मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की।
वहीं भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि कांग्रेस एक विवादित महिला को राजनीतिक हथियार बना रही है। उन्होंने कहा कि उर्मिला सनावर का सामाजिक रूप से कोई अस्तित्व नहीं है और कांग्रेस इस मामले के जरिए राजनीतिक लाभ लेने की कोशिश कर रही है। अधिकारी इस विवाद पर औपचारिक टिप्पणी करने से बचते दिखे।
उर्मिला सनावर का पलटवार
उर्मिला सनावर ने सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा कि महेंद्र भट्ट उनके चरित्र पर सवाल उठा रहे हैं, जबकि वह उनसे कई बार मिल चुकी हैं। उन्होंने यह भी दावा किया कि ज्वालापुर सीट को लेकर उनसे बातचीत हुई थी और उनके पास साथ की तस्वीरें मौजूद हैं। उर्मिला ने ऑडियो क्लिप वायरल करने की बात भी कही, जिससे विवाद और बढ़ गया है।
भाजपा का पक्ष
महेंद्र भट्ट ने कहा कि कांग्रेस अनुसूचित जाति समाज से जुड़े भाजपा नेताओं की छवि खराब करने का प्रयास कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि उर्मिला सनावर के खिलाफ पहले से मुकदमे दर्ज हैं और नए आरोपों के चलते उनके खिलाफ और कानूनी कार्रवाई हो सकती है। उन्होंने यह भी कहा कि यदि उर्मिला सच में न्याय चाहती हैं, तो उन्हें सोशल मीडिया के बजाय अदालत का सहारा लेना चाहिए।
स्थानीय प्रतिक्रिया
स्थानीय लोगों का कहना है कि अंकिता भंडारी मामले में राजनीति से इतर सच्चाई सामने आनी चाहिए।
कुछ लोगों का मानना है कि लगातार हो रहे आरोप-प्रत्यारोप से पीड़ित परिवार की पीड़ा और बढ़ रही है।
विवाद का नया मोड़
उर्मिला सनावर ने अपने वीडियो में ‘गट्टू’ नाम के व्यक्ति का उल्लेख करते हुए उसे कथित वीआईपी बताया है। इसी दावे को लेकर भाजपा और कांग्रेस के बीच टकराव और तेज हो गया है। हालांकि, इस नाम को लेकर अब तक कोई आधिकारिक पुष्टि सामने नहीं आई है।
आगे क्या होगा
राजनीतिक बयानबाजी के बीच अब सबकी नजर इस बात पर है कि क्या मामले में कोई नई जांच या कानूनी कार्रवाई होती है। कांग्रेस आंदोलन तेज करने के संकेत दे चुकी है, जबकि भाजपा कानूनी कदम उठाने की बात कह रही है।







