
देहरादून: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा गन्ना मूल्य बढ़ाने के प्रस्ताव को स्वीकृति देने के बाद शासन ने पेराई सत्र 2025–26 के लिए नई दरों का आदेश जारी कर दिया है। राज्य की सभी चीनी मिलें अब अगेती प्रजाति का गन्ना 405 रुपये प्रति क्विंटल और सामान्य प्रजाति का गन्ना 395 रुपये प्रति क्विंटल की दर से क्रय करेंगी।
पृष्ठभूमि / संदर्भ
पिछले पेराई सत्र में अगेती प्रजाति का गन्ना मूल्य 375 रुपये प्रति क्विंटल और सामान्य प्रजाति का मूल्य 365 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित था। लंबे समय से किसान गन्ना मूल्य बढ़ाने की मांग कर रहे थे। हाल ही में मुख्यमंत्री धामी ने इस प्रस्ताव को मंजूरी देते हुए कहा था कि गन्ना किसानों की आय बढ़ाना और उनके उत्पाद का उचित सम्मान सुनिश्चित करना सरकार की जिम्मेदारी है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि किसानों को सुविधाजनक, पारदर्शी और समयबद्ध भुगतान मिलना चाहिए।
अधिकारीक जानकारी
मुख्यमंत्री की स्वीकृति के बाद सचिव गन्ना विकास एवं चीनी उद्योग रणवीर सिंह चौहान ने गन्ना मूल्य वृद्धि का शासनादेश जारी कर दिया है। शासनादेश के अनुसार राज्य की सभी चीनी मिलों को पेराई सत्र 2025–26 के लिए निर्धारित नई दरों पर ही गन्ने का भुगतान करना होगा और भुगतान की मासिक रिपोर्ट शासन को भेजनी होगी।
आदेश में यह भी कहा गया है कि बाहरी क्रय केंद्रों से मिल तक गन्ने के परिवहन में होने वाली कटौती 11 रुपये प्रति क्विंटल तय की जाएगी। विभाग ने चीनी मिलों को यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं कि किसी भी किसान को क्रय केंद्रों पर किसी प्रकार की असुविधा न हो और भुगतान में देरी न की जाए।
स्थानीय प्रतिक्रिया
किसानों ने सरकार के इस निर्णय का स्वागत किया है। उनका कहना है कि बढ़े हुए मूल्य से न सिर्फ उन्हें आर्थिक राहत मिलेगी, बल्कि गन्ना उत्पादन के प्रति उनका रुझान भी मजबूत होगा। कुछ स्थानीय कृषक संगठनों ने उम्मीद जताई कि समयबद्ध भुगतान की व्यवस्था लागू होने से किसानों का विश्वास और बढ़ेगा।
आगे की स्थिति
शासनादेश जारी होने के साथ ही राज्य की सभी चीनी मिलों को नई दरों पर तुरंत प्रभाव से खरीद सुनिश्चित करनी होगी। विभाग अब यह निगरानी करेगा कि भुगतान समय पर हो और किसानों को किसी प्रकार की परेशानी न आए। सरकार का मानना है कि बढ़ी हुई दरें राज्य की कृषि अर्थव्यवस्था को भी मजबूत आधार प्रदान करेंगी।






