
ऋषिकेश: उत्तराखंड पर्यटन विकास परिषद ने गंगा नदी में राफ्टिंग संचालन को बढ़ावा देने के लिए लॉटरी प्रक्रिया के माध्यम से दो फर्मों का चयन किया है। चयनित फर्मों—एडवेंचर बग और इपिक एडवेंचर—को कुल चार राफ्ट आवंटित किए गए हैं। इससे राज्य के अनुभवी राफ्टिंग गाइडों को रोजगार के नए अवसर मिलेंगे।
पृष्ठभूमि / संदर्भ
उत्तराखंड में साहसिक पर्यटन राज्य की अर्थव्यवस्था और स्थानीय रोजगार के लिए महत्वपूर्ण आधार माना जाता है। विशेष रूप से ऋषिकेश–गंगा घाटी में राफ्टिंग उद्योग हजारों युवाओं को रोजगार प्रदान करता है। पर्यटन विभाग द्वारा पारदर्शी तरीके से फर्म चयन की यह पहल एडवेंचर टूरिज्म को और मजबूती देने का प्रयास है।
आधिकारिक जानकारी
पर्यटन सचिव और उत्तराखंड पर्यटन विकास परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी धीराज गर्ब्याल ने बताया कि गंगा नदी में राफ्टिंग संचालन के लिए दो नई फर्मों के चयन से स्थानीय प्रशिक्षित गाइडों को लाभ मिलेगा। उन्होंने कहा कि वर्षों तक गाइड के रूप में कार्य कर चुके कई युवा अब स्वयं फर्म मालिक बनकर अन्य युवाओं को भी रोजगार उपलब्ध कराएंगे।
चयन प्रक्रिया के लिए कुल 357 आवेदन प्राप्त हुए थे। इनमें से 307 मान्य आवेदनों पर लॉटरी प्रक्रिया अपनाई गई और इसमें एडवेंचर बग और इपिक एडवेंचर फर्मों का चयन किया गया। प्रत्येक फर्म को दो-दो राफ्ट आवंटित किए गए हैं।
स्थानीय प्रतिक्रिया
राफ्टिंग गाइडों का कहना है कि इस कदम से अनुभवी युवाओं को न सिर्फ स्थायी रोजगार मिलेगा, बल्कि वे अपना खुद का व्यवसाय चलाने में भी सक्षम होंगे। स्थानीय कारोबारियों ने इसे साहसिक पर्यटन को नई दिशा देने वाला फैसला बताया।
चयन समिति और प्रक्रिया
पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए उच्च-स्तरीय समिति का गठन किया गया था। समिति में पर्यटन, पुलिस, जिला प्रशासन, राफ्टिंग समिति और साहसिक खेल विशेषज्ञों के प्रतिनिधि शामिल थे।
पर्यटन विभाग ने बताया कि पूरी प्रक्रिया वीडियो रिकॉर्डिंग और दस्तावेजी निगरानी के साथ पूरी की गई, ताकि चयन पर कोई विवाद न रहे।
आगे क्या?
चयनित फर्म जल्द ही संचालन प्रक्रिया शुरू करेंगी। गंगा नदी पर राफ्टिंग संचालन के लिए आवश्यक सुरक्षा मानकों, गाइड प्रशिक्षण और लाइसेंसिंग के दिशा-निर्देश भी उन्हें उपलब्ध कराए जाएंगे। पर्यटन विभाग ने कहा कि आगे भी साहसिक खेलों को बढ़ावा देने के लिए नई योजनाएं लाई जाएंगी।







