
बंजारावाला: राजकीय प्राथमिक विद्यालय टी-स्टेट, बंजारावाला में कई वर्षों से बने सड़क गड्ढों की समस्या से परेशान छात्र खुद मजदूर बन गए। स्कूल के पास बजरी उठाकर गड्ढे भरते बच्चों का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।
वीडियो में लगभग आठ छात्र बजरी से भरे तसले सिर पर उठाकर स्कूल की ओर जाते हुए दिखाई दे रहे हैं। इस घटना के बाद प्रधानाध्यापिका अंजू मेनादुली पर निःशुल्क शिक्षा का अधिकार अधिनियम-2009 और महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास विभाग की धारा-13 के उल्लंघन के तहत निलंबन कर दिया गया।
जिला शिक्षा अधिकारी (बेसिक) प्रेमलाल भारती ने मामले की जांच सौंपी और कहा कि किसी भी विद्यालय में इस तरह की घटना बर्दाश्त नहीं की जाएगी। खंड शिक्षा अधिकारी रायपुर प्रेमलता गौड़ को मामले की जांच का आदेश दिया गया है।
प्रधानाध्यापिका अंजू मेनादुली ने कहा,
“जैसे ही मुझे पता चला कि बच्चे बजरी भरकर ला रहे हैं, मैंने उन्हें वापस स्कूल बुलाया। फावड़ा और तसला बगल में काम कर रहे मजदूरों से लिया गया था। दोपहर के समय दो शिक्षक छुट्टी पर थे और डाक का काम भी था। इसी कारण बच्चे गड्ढे भरने की पहल कर गए।”
इस घटना से पहले भी कुछ दिनों पहले राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय जूनीधार में छात्रों द्वारा शिक्षक की कार धोने का वीडियो वायरल हुआ था, जिसके बाद सहायक अध्यापक घनश्याम तिवाड़ी को निलंबित किया गया था।
विद्यालय में छात्रों की संख्या लगभग 200 है। यह घटना बच्चों की सक्रियता और सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता तो दर्शाती है, लेकिन शिक्षा विभाग ने इसे गंभीरता से लेते हुए कार्रवाई सुनिश्चित की।






