
देहरादून: साइबर अपराधियों ने व्हाट्सएप के जरिए एक कारोबारी के मोबाइल फोन को हैक कर उनके करंट अकाउंट से 4.89 लाख रुपये उड़ा लिए। राहत की बात यह रही कि पीड़ित ने समय पर पुलिस और एनसीआरपी को सूचना दी, जिससे बैंक स्तर पर अधिकांश रकम को फ्रीज करा लिया गया। मामले में प्रेमनगर थाना पुलिस ने बृहस्पतिवार को प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। यह घटना एक बार फिर यह दिखाती है कि अनजान लिंक पर क्लिक करना कितना खतरनाक साबित हो सकता है।
पृष्ठभूमि और संदर्भ
पीड़ित शौर्यादित्य सिंह, जो सुद्धोवाला चौक क्षेत्र में रहते हैं, ने पुलिस को बताया कि 22 जनवरी की रात उनके मोबाइल नंबर पर व्हाट्सएप के माध्यम से एक संदिग्ध एपीके फाइल का लिंक आया था। जैसे ही उन्होंने उस लिंक पर क्लिक किया, उनका मोबाइल फोन हैक होकर बंद हो गया। दोबारा फोन चालू होने पर व्हाट्सएप और बैंक से जुड़े सभी एसएमएस डेटा डिलीट हो चुके थे।
प्रशासनिक प्रतिक्रिया
पुलिस के अनुसार साइबर अपराधियों ने फोन का एक्सेस लेकर बैंक से जुड़ी गोपनीय जानकारी हासिल की और 23 जनवरी को करंट अकाउंट से 4.89 लाख रुपये का ट्रांजेक्शन कर दिया। प्रेमनगर थाना प्रभारी कुंदन राम ने बताया कि शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर लिया गया है और पूरे प्रकरण की जांच की जा रही है।
स्थानीय प्रतिक्रिया
स्थानीय व्यापारियों का कहना है कि हाल के दिनों में साइबर ठगी के मामले तेजी से बढ़े हैं। उनका मानना है कि आम लोगों को भी इस तरह के लिंक और फाइल से सतर्क रहने की जरूरत है, क्योंकि एक छोटी सी लापरवाही बड़ा नुकसान करा सकती है।
आगे क्या होगा
पुलिस साइबर सेल की मदद से ट्रांजेक्शन की तकनीकी जांच कर रही है। साथ ही यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि रकम किन खातों में ट्रांसफर की गई। जांच के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।






