
देहरादून में अंकिता भंडारी हत्याकांड से जुड़ा गट्टू विवाद एक बार फिर उत्तराखंड की राजनीति के केंद्र में आ गया है। कथित आरोपों और वीडियो बयानों के बीच बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने उर्मिला सनावर के दावों को सिरे से खारिज करते हुए कांग्रेस पर गंभीर आरोप लगाए हैं। पौड़ी में मीडिया से बातचीत के दौरान भट्ट ने कहा कि उर्मिला सनावर कांग्रेस के इशारे पर काम कर रही हैं और उनके मूल पति का एक कथित वीडियो सामने आने की बात कही, जिसमें पैसों के लिए कुछ भी करने का दावा किया गया है। यह मामला इसलिए अहम माना जा रहा है क्योंकि इससे न सिर्फ अंकिता भंडारी केस की संवेदनशीलता जुड़ी है, बल्कि प्रदेश की सियासत और सामाजिक समीकरणों पर भी असर पड़ता दिख रहा है।
पृष्ठभूमि / संदर्भ
अंकिता भंडारी हत्याकांड उत्तराखंड के सबसे चर्चित और संवेदनशील मामलों में से एक रहा है। हाल के दिनों में उर्मिला सनावर द्वारा जारी किए गए वीडियो ने इस केस को एक बार फिर सुर्खियों में ला दिया, जिसमें उन्होंने एक कथित वीवीआईपी नेता ‘गट्टू’ का नाम लेते हुए गंभीर आरोप लगाए। इससे पहले भी इस मामले में समय-समय पर राजनीतिक बयानबाजी होती रही है, लेकिन ताज़ा वीडियो और जवाबी आरोपों ने विवाद को और गहरा कर दिया है।
आधिकारिक जानकारी
पौड़ी में मीडिया के सवालों पर महेंद्र भट्ट ने स्पष्ट कहा कि वह जो भी बात कहते हैं, वह प्रामाणिकता के आधार पर होती है। उन्होंने आरोप लगाया कि उर्मिला सनावर कांग्रेस के हाथों में खेल रही हैं और उनके मूल पति के एक वीडियो का हवाला दिया, जिसमें पैसों के लिए कुछ भी करने की बात कही गई है। भट्ट ने यह भी कहा कि कांग्रेस ने पहले अनुसूचित समाज का अपमान किया और अब यदि उनके बारे में कुछ कहलवाया जा रहा है, तो ब्राह्मण समाज इसे स्वीकार नहीं करेगा।
स्थानीय प्रतिक्रिया
स्थानीय लोगों का कहना है कि अंकिता भंडारी जैसा गंभीर मामला राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप की भेंट नहीं चढ़ना चाहिए। कुछ नागरिकों ने यह भी कहा कि ऐसे बयानों से जनता में भ्रम और आक्रोश दोनों बढ़ते हैं, जबकि सच सामने आना सबसे ज़रूरी है।
आंकड़े / तथ्य
यह विवाद पिछले कुछ दिनों में कई वीडियो बयानों के कारण तेज हुआ है। 24 दिसंबर की रात और फिर 25 दिसंबर को उर्मिला सनावर की पोस्ट ने इस मामले को दोबारा चर्चा में ला दिया। अब शाम 8:30 बजे एक और लाइव के ऐलान से राजनीतिक हलकों में हलचल और बढ़ गई है।
आगे क्या होगा
उर्मिला सनावर ने 25 दिसंबर की शाम फिर से लाइव आने की घोषणा की है, जिससे नए खुलासों की अटकलें लगाई जा रही हैं। वहीं, राजनीतिक दलों की प्रतिक्रिया और प्रशासन की नजर इस पूरे घटनाक्रम पर बनी हुई है। आने वाले समय में बयानबाजी के साथ-साथ कानूनी और राजनीतिक स्तर पर भी हलचल तेज होने की संभावना है।







