
देहरादून: रायपुर थाना क्षेत्र स्थित एक नशा मुक्ति केंद्र में भर्ती 38 वर्षीय युवक की सोमवार को संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। युवक की तबीयत अचानक बिगड़ने के बाद उसे पहले स्थानीय अस्पताल और फिर महंत इंद्रेश अस्पताल रेफर किया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। मृतक के परिजनों ने मौत के कारणों को लेकर सवाल उठाए हैं, जिसके बाद रायपुर पुलिस ने पोस्टमार्टम कराकर मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने नशा मुक्ति केंद्र से सीसीटीवी फुटेज का डीवीआर भी कब्जे में ले लिया है।
पृष्ठभूमि / संदर्भ
नशा मुक्ति केंद्रों में भर्ती मरीजों की सुरक्षा और देखरेख को लेकर पहले भी सवाल उठते रहे हैं। ऐसे मामलों में इलाज, निगरानी और आपात स्थिति में की गई कार्रवाई की जांच अहम मानी जाती है। रायपुर थाना क्षेत्र में सामने आया यह मामला भी इन्हीं चिंताओं को लेकर चर्चा में है।
आधिकारिक जानकारी
एसएसपी अजय सिंह ने बताया कि तपोवन रोड निवासी रोशनी देवी ने मंगलवार को थाने में सूचना दी। उनके अनुसार उनका बेटा नीरज कुमार वर्मा बीती 9 अगस्त 2025 से तपस्थली रांझावाला स्थित नशा मुक्ति केंद्र में भर्ती था। 14 दिसंबर को उसकी तबीयत अचानक खराब हो गई, जिसके बाद केंद्र के कर्मचारियों ने उसे एक नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया। हालत गंभीर होने पर उसी दिन उसे महंत इंद्रेश अस्पताल रेफर किया गया, जहां सोमवार को उसकी मौत हो गई। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराते हुए जांच शुरू कर दी है।
स्थानीय प्रतिक्रिया
परिजनों का कहना है कि मौत से पहले की परिस्थितियों को लेकर कई सवाल हैं और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
स्थानीय लोगों ने बताया कि नशा मुक्ति केंद्रों में मरीजों की निगरानी और उपचार व्यवस्था की समय-समय पर जांच जरूरी है।
जांच की स्थिति
पुलिस ने मंगलवार को नशा मुक्ति केंद्र से सीसीटीवी फुटेज का डीवीआर कब्जे में ले लिया है। अधिकारियों के अनुसार फुटेज और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। परिजनों की ओर से मिलने वाली लिखित शिकायत पर भी जांच का दायरा बढ़ाया जाएगा।
आंकड़े / तथ्य
मृतक की आयु 38 वर्ष बताई गई है।
भर्ती की तिथि 9 अगस्त 2025 है।
तबीयत बिगड़ने की तिथि 14 दिसंबर बताई गई है।
आगे क्या?
पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और सीसीटीवी फुटेज की जांच के बाद मौत के कारणों पर स्थिति स्पष्ट होगी। यदि किसी प्रकार की लापरवाही सामने आती है, तो संबंधित लोगों के खिलाफ आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी।





